कापरेन. नगरपालिका क्षेत्र से जुड़े टाकरवाडा की झौपडिय़ां गांव में ग्रामीणों को विद्युत बिल शहरी क्षेत्र का देने के बावजूद बिजली ग्रामीण क्षेत्र से मिल रही है, जिससे ग्रामीणों को शहरी क्षेत्र की दर बिजली बिल चुकता करने के बावजूद 24 घंटे थ्री फेज बिजली की सुविधा नहीं मिल पा रही है।
पूर्व पार्षद सोनू मीणा ने ग्रामीणों की समस्या को लेकर विद्युत निगम के उच्च अधिकारियों को समस्या से अवगत करवाते हुए गांव को शहरी विद्युत लाइन से जोडऩे और थ्री फेज विद्युत आपूर्ति की सुविधा उपलब्ध करवाने की मांग की गई। लगातार प्रयास करने से करीब तीन साल बाद गांव के लिए विद्युत वितरण निगम जयपुर ने गांव में शहरी क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति के लिए 36 लाख 7 हजार रुपए की राशि स्वीकृत कर इसके कार्य आदेश जारी किए हैं। पूर्व पार्षद सोनू मीणा ने बताया कि गांव को शहरी विद्युत क्षेत्र से जोडऩे के लिए 80 विद्युत खम्भे और तीन ट्रांसफार्मर लगाने सहित अन्य कार्य किए जाएंगे।गांव को 11केवी विद्युत लाइन से जोड़ा जाएगा, जिससे ग्रामीणों को थ्री फेज विद्युत आपूर्ति मिलेगी।
तीन साल से कर रहे थे प्रयास
पूर्व पार्षद सोनू मीणा ने बताया कि समस्या को लेकर मनोनीत पार्षद कन्हैया लाल, ग्रामीण घनश्याम वर्मा, रामभरोस ,आनंदी लाल, विकास आदि के साथ विद्युत निगम के तत्कालीन सहायक अभियंता मोहर लाल मीणा, कनिष्ठ अभियंता तरुण मीणा को समस्या से अवगत कराया गया, जिस पर सहायक अभियंता ने मामले को गम्भीरता से लेते हुए प्रपोजल बनाकर उच्च अधिकारियों को भेजा गया। तीन साल बाद स्वीकृत होने और कार्य आदेश जारी होने से ग्रामीणों में खुशी का माहौल है। ललित गुप्ता सहायक अभियंता विद्युत निगम के पाटन ने बताया कि टाकरवाडा की झौपडिय़ां गांव को शहरी क्षेत्र की विद्युत लाइन से जोडऩे के लिए एस्टीमेट स्वीकृत हो गया है और इसके लिए वर्क आर्डर दिए गए हैं।शीघ्र ही कार्य शुरू करवाया जाएगा।
बिल शहरी क्षेत्र का और आपूर्ति ग्रामीण से
टाकरवाड़ा की झोपडिय़ां गांव नगरपालिका का वार्ड होने से गिनती शहरी क्षेत्र में हो रही है और निगम द्वारा उपभोक्ताओं से विद्युत बिल भी शहरी दर से वसूला जा रहा है, लेकिन गांव विद्युत आपूर्ति लाइन ग्रामीण क्षेत्र से जुड़ी हुई है, जिससे गांव में विद्युत कटौती के दौरान लंबे समय तक बिजली गुल रहती है। आए दिन फाल्ट की समस्या का सामना करना पड़ता है और थ्री फेज बिजली भी नहीं मिल रही है। इसके बाद भी उपभोक्ता शहरी दर से बिजली बिल दे रहे हैं।