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आया ऐसा संकट कि सारा काम हो गया ठप…जानिए कैसे

मांगलीखुर्द गांव में बजरी के अभाव में सीसी सड़क निर्माण कार्य दो माह से बंद पड़ा है। इससे राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

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बूंदी. बड़ानयागांव. मांगलीखुर्द गांव में बजरी के अभाव में सीसी सड़क निर्माण कार्य दो माह से बंद पड़ा है। इसके कारण राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
जानकारी के मुताबिक मांगली खुर्द में सार्वजनिक निर्माण विभाग की ओर से 300 मीटर सीसी सड़क का कार्य स्वीकृत किया गया था। इसके बाद ठेकेदार ने रास्ते में गिट्टी डालकर लोडर से समतल कर दिया। अब बजरी के अभाव में रास्ते में सीसी सड़क का कार्य शुरू नहीं हो पाया है।

इसके कारण रास्ते में 2 माह से वाहनों की आवाजाही होने से रास्ते में गिट्टी उखडऩे लगी है। रास्ते में धूल उडऩे से गुजरने वाले राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

सार्वजनिक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता राजाराम मीणा ने बताया कि सड़क निर्माण कार्य शुरू हो गया था, लेकिन बजरी के अभाव में सीसी सड़क का कार्य अटक गया है। बजरी आते ही सड़क का कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।

अवैध मिट्टी खनन रोको
नमाना रोड. सरकारी भूमि पर अवैध तरीके से मिट्टी निकाल कर बेचने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग को लेकर कोथ्या गांव के ग्रामीणों ने जिला कलक्टर व एसपी को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया कि कोथ्या पटवार हलका में सरकारी सिवाचक भूमि करीब 200 बीघा भूमि में स्थित है। जिसमें से 50 बीघा भूमि सैनिक कोटे में आवंटित की जा चुकी है।
इस आवंटित भूमि की आड़ में सरकारी भूमि से मिट्टी खोदकर अवैध तरीके से ईंट भट्टे वालों को बेचा जा रहा है। यहां रात होते ही अवैध खनन में जेसीबी और ट्रैक्टर जुट जाते हैं। नदी किनारे सिवाचक भूमि से मिट्टी बेचने से नदी का मार्ग बदलने का खतरा बना रहता है।

पूर्व में भी पुलिस व जिला प्रशासन को शिकायत की गई, लेकिन भू माफि याओं के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई। अब तो विरोध करने वालों को धमकियां दी जाती है। ज्ञापन देने वालों में रामरतन मीणा, धन्नालाल मीणा, बद्रीलाल नागर, नवारीलाल नागर, नन्दलाल नागर, वार्डपंच ओमप्रकाश नागर, प्रहलाद नागर, रामदयाल नागर, देवलाल नागर, सुरेश नागर शामिल थे।

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