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पेंडिंग मामलों को लेकर जताई नाराजगी, प्रतिदिन कम से कम सौ प्रकरणों पर कार्य करें

बूंदी दौरा : कलक्टर कार्यालय का निरीक्षण, राजस्व बार एसोसिएशन के साथ की चर्चा

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court pending cases, Resentment over pending matters

राजस्व मंडल अध्यक्ष ने दिए निर्देश

बूंदी. राजस्व मंडल अध्यक्ष वी. श्रीनिवास ने शुक्रवार को जिला कलक्टर कार्यालय का निरीक्षण किया। यहां की व्यवस्थाएं जांची तथा राजस्व बार एसोसिएशन प्रतिनिधियों तथा जिले के राजस्व अधिकारियों के साथ बैठक कर आवश्यक विचार-विमर्श किया। राजस्व मंडल अध्यक्ष ने इस अवसर पर कहा कि उनके दौरे का उद्देश्य राजस्व मामलों के बढ़ते बोझ के कारणों को जानना और उनके प्रभावी निष्पादन के प्रयास करना है।


राजस्व मंडल अध्यक्ष ने राजस्व बार एसोसिएशन प्रतिनिधियों के साथ बैठक में चर्चा एवं प्राप्त सुझावों के परिप्रेक्ष्य में कहा कि सभी सुझावों पर आवश्यक स्तर पर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि क्वालिटी जजमेंट के लिहाज से आवश्यक प्रशिक्षण, वर्कशॉप, केंप आदि के लिए भी प्रयास किए जाएंगे।


अभिभाषकों ने बैठक में सुझाव रखे कि प्रशासनिक अधिकारियों को अदालत में बैठने का पर्याप्त समय मिले, ताकि मामलों के समय पर निस्तारण का रास्ता खुले। लोक अदालतों में वास्तव में उन्हीं मामलों को निस्तारित माना जाए जो वास्तविकता में आपसी समझाइश से सुलझें। लम्बित अवधि से अटके मामलों में निरीक्षण का प्रावधान होना चाहिए ताकि सही वस्तुस्थिति सामने आ सके। राजस्व अपील अधिकारी, कोटा में लम्बित मामलों की सुनवाई बूंदी में हो। अतिरिक्त संभागीय आयुक्त का कैम्प भी बूंदी में लगाए जाने का सुझाव रखा। अभिभाषक रामदत्त शर्मा, राजीव ठाकुर, रमेश जैन, कैलाश गुप्ता, कैलाश नामधरानी, सुनील गौतम एवं अन्य ने सुझाव प्रस्तुत किए। राजस्व अपील अधिकारी कोटा पंकज ओझा भी बैठक में मौजूद रहे।


राजस्व अधिकारी नियमित कोर्ट में बैठें, लंबित मामलों को दें गति

राजस्व मंडल अध्यक्ष श्रीनिवास ने राजस्व अधिकारियों की बैठक ली और निर्देश दिए कि सभी राजस्व अधिकारी सोमवार से बुधवार प्रतिदिन सुबह 10.30 से 1.30 बजे तक संबंधित न्यायालयों में बैठकर कम से कम सौ प्रकरणों पर कार्य करें, ताकि हर माह वे प्रकरण सामने आएं और उनमें गति आए। परिवादी खाली हाथ नहीं जाए। राजस्व मंडल अध्यक्ष ने निर्णय में गुणवत्ता पर विशेष जोर दिया। ल बी अवधि से एक ही स्थिति पर अटके मामलों को गंभीरता से लेते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि हर बार प्रकरण आगे बढे, यह कोशिश होनी चाहिए। उन्होंने पॉवर प्वाइंट प्रजेंटेशन के जरिए राजस्व अधिकारियों की प्रगति जानी और कम प्रगति वाले क्षेत्रों में बेहतर प्रदर्शन के निर्देश दिए।


कक्षों में जांची व्यवस्थाएं
राजस्व बोर्ड अध्यक्ष ने सुबह सबसे पहले जिला कलक्टर कार्यालय का निरीक्षण किया। कलक्ट्रेट परिसर के विभिन्न कक्षों में पहुंचकर रिकॉर्ड संधारण का अवलोकन किया। शुरुआत जिला मजिस्टे्रट के कोर्ट से की गई। इसके बाद अतिरिक्त जिला कलक्टर कार्यालय में व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने एक कक्ष में रखे प्रिंटर से नैनवां पंचायत के डोकून पंचायत के नक्शे की प्रिंट निकलवाकर भी देखी। इस दौरान उन्होंने सामान्य शाखा का निरीक्षण तथा राजस्व अनुभाग के कार्मिक से भी आवश्यक जानकारी लेकर दिशा निर्देश दिए। राजस्व रिकॉर्ड रूम में संधारित किए जा रहे रिकॉर्ड का निरीक्षण किया। रिकॉर्ड संधारण की सराहना की। निरीक्षण के दौरान जिला कलक्टर शिवांगी स्वर्णकार, अतिरिक्त जिला कलक्टर नरेश कुमार मालव, अतिरिक्त जिला कलक्टर (सीलिंग) ममता तिवाड़ी, उपखंड अधिकारी दिवांशु शर्मा आदि साथ थे।