Daniel Francis Job Rejection Meta AI Offer: AI एक्सपर्ट डेनियल फ्रांसिस ने मेटा की ₹10,400 करोड़ की सैलरी ऑफर वाली जॉब को ठुकरा दिया है।
Daniel Francis Job Rejection Meta AI Offer: क्या कोई करोड़ों की सैलरी वाला आकर्षक जॉब ऑफर भी ठुकरा सकता है? सोशल मीडिया पर इन दिनों एक नाम जबरदस्त तरीके से ट्रेंड कर रहा है -डेनियल फ्रांसिस। इसकी वजह? उन्होंने एक ऐसी नौकरी का ऑफर (Daniel Francis Job Rejection Meta AI Offer) ठुकरा दिया जिसकी सैलरी थी 10,400 करोड़ रुपये। यह सुन कर कोई भी हैरान हो जाएगा कि आखिर इतनी बड़ी रकम को कोई क्यों ठुकराएगा ? सोशल मीडिया दिग्गज Meta के मालिक मार्क जकरबर्ग (Mark Zuckerberg) ने डेनियल फ्रांसिस (Daniel Francis)को यह ऑफर दिया था। यह प्रस्ताव चार साल के लिए था। मेटा उन्हें अपनी टीम में शामिल करना चाहती थी, ताकि उनकी AI टेक्नोलॉजी और एल्गोरिद्म (Algorithm) किसी अन्य कंपनी के पास न जाए।
डेनियल ने खुद सोशल मीडिया पर इस बात का खुलासा किया। उन्होंने लिखा,मुझे 10,400 करोड़ की सैलरी का ऑफर मिला था। यह अब तक का सबसे ऊंचा पैकेज था जो मैंने देखा। इसके बाद उन्होंने दूसरी पोस्ट में कहा,मैंने इस ऑफर को ठुकरा दिया है।
डेनियल एक AI एक्सपर्ट हैं और अमेरिका की एक तकनीकी कंपनी ABEL के फाउंडर हैं। उन्होंने ऐसी AI तकनीक बनाई है जो बॉडी कैम फुटेज से अपने आप पुलिस रिपोर्ट तैयार कर सकती है और जरूरी कॉल डेटा भेजती है। मेटा को डर था कि यह तकनीक किसी प्रतिद्वंद्वी के हाथ न लग जाए, इसलिए उन्होंने डेनियल को ऐतिहासिक ऑफर दिया।
डेनियल पहली बार 2023 में सुर्खियों में आए थे, जब उन्होंने एलन मस्क की एक नीतियों पर खुल कर नाराजगी जताई थी। दिलचस्प बात यह है कि बाद में मस्क ने उन्हें अपनी एक कंपनी में नौकरी करने का ऑफर भी दिया था।
सोशल मीडिया पर लोग हैरान हैं कि कोई इतना बड़ा पैकेज ठुकरा सकता है। कुछ ने डेनियल फ्रांसिस की ईमानदारी और विजन को सराहा, तो कुछ ने इसे "PR स्टंट" करार दिया। टेक एक्सपर्ट्स का कहना है कि यह घटना बताती है कि AI टैलेंट की डिमांड किस हद तक पहुंच चुकी है।
क्या मेटा अब किसी और AI स्टार्टअप को टारगेट करेगी ?
क्या डेनियल की टेक्नोलॉजी को कोई और कंपनी खरीदेगी ?
क्या भारत जैसे देशों में भी AI एक्सपर्ट्स को ऐसे ऑफर मिल सकते हैं ?
डेनियल की कंपनी ABEL अब आगे क्या बड़ा कदम उठाएगी ?
एक और दिलचस्प बिंदु: क्या इस ऑफर को मेटा ने केवल प्रतियोगिता रोकने के लिए दिया था?
बहरहाल यह घटना दिखाती है कि अब कंपनियां केवल प्रोडक्ट नहीं, बुद्धिमत्ता (Intellectual Property) भी खरीद रही हैं। इतनी बड़ी सैलरी बताती है कि AI और डेटा प्रोसेसिंग की टेक्नोलॉजी आने वाले बरसों में कितनी महत्वपूर्ण होगी।