टीम के सदस्य तमिलनाडु के चिकित्सा मंत्री एमए सुब्रमण्यन, स्वास्थ्य सचिव डॉ. जे. राधाकृष्णन और अन्य अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श कर स्थिति का आकलन करेंगे।
चेन्नई.
तमिलनाडु में कोरोना वायरस के नए स्वरूप ओमिक्रॉन की स्थिति का आकलन करने के लिए चार सदस्यीय केंद्रीय टीम सोमवार को यहां पहुंची। इस टीम में डॉ. विनीता, डॉ. पुर्बाशा, डॉ. एम संतोष कुमार और डॉ. दिनेश बाबू शामिल हैं, जो राज्य में पांच दिनों तक रहेंगे। टीम के सदस्य तमिलनाडु के चिकित्सा मंत्री एमए सुब्रमण्यन, स्वास्थ्य सचिव डॉ. जे. राधाकृष्णन और अन्य अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श कर स्थिति का आकलन करेंगे।
तमिलनाडु में अभी तक ओमिक्रॉन के 34 मामले दर्ज किए जा चुके हैं, जिनमें से 12 को इलाज के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। शेष 22 मरीजों का सरकारी और निजी अस्पतालों में उपचार चल रहा है। केंद्रीय दल के सदस्य शहर और जिले के कुछ सरकारी अस्पतालों में जाकर ओमिक्रॉन से संक्रमित लोगों के इलाज के लिए की गई व्यवस्थाओं जैसे कि बिस्तरों की संख्या, ऑक्सीजन सहित अन्य सुविधाओं का निरीक्षण करेंगे।
देश में कोरोना संक्रमण में हालिया वृद्धि को देखते हुए केंद्र ने ऐसे दस राज्यों में केंद्रीय दलों को भेजने का फैसला लिया है, जहां ओमिक्रॉन के मामलों में तेजी देखी गई है। इसके तहत राज्य और जिलों में कोरोना संबंधी स्थिति का आकलन कर प्रशासन की मदद की जाएगी ताकि आने वाले समय में किसी भी विकट परिस्थिति से निपटने के लिए वे तैयार रह सकें।
टीम के सदस्य तमिलनाडु के चिकित्सा मंत्री एमए सुब्रमण्यन, स्वास्थ्य सचिव डॉ. जे. राधाकृष्णन और अन्य अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श कर स्थिति का आकलन करेंगे। इसके तहत राज्य और जिलों में कोरोना संबंधी स्थिति का आकलन कर प्रशासन की मदद की जाएगी ताकि आने वाले समय में किसी भी विकट परिस्थिति से निपटने के लिए वे तैयार रह सकें।