
बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत छात्रवृत्ति का वितरण
चेन्नई. बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत श्री नाकोड़ा भैरव सेवा ट्रस्ट एवं सेवानुरागी श्री वर्धमान जैन मंडल चेन्नई के संयुक्त तत्वावधान में रविवार को जरूरतमंद प्रतिभावान छात्राओं में छात्रवृत्ति वितरित की गई। ट्रस्ट के संस्थापक हीराचंद कांकरिया के नेतृत्व में महानगर के विभिन्न विद्यालयों की कक्षा 6 से 9 तक की चयनित छात्राओं को नगद छात्रवृत्ति के अलावा स्कूलबैग एवं अन्य उपयोगी सामान भी दिया गया। इस वर्ष के द्वितीय चरण के इस छात्रवृत्ति वितरण के दौरान उम्मेदमल जैन, दिनेश साकरिया, रजनीश, गोपी, हर्षित, कार्तिक जैन आदि के अलावा दोनों संस्थाओं के कई सदस्य मौजूद रहे। तृतीय चरण की छात्रवृत्ति का वितरण जनवरी में किया जाएगा।
सैट के जरिये गरीब प्रतिभावान विद्यार्थियों को मिलेगी पूर्ण शिक्षण छात्रवृत्ति
चेन्नई. यूएस मूल के एक कॉलेज बोर्ड ने हाल ही में अपने इंडिया ग्लोबल हायर एजुकेशन एलायंस फोरम में कॉलेज बोर्ड इंडिया स्कॉलर कार्यक्रम शुरू करने की घोषणा की। यह फोरम भारतीय विश्वविद्यालय के प्रवेश एवं नामांकन पर केंद्रित भारत एवं दुनिया भर के माध्यमिक एवं विश्वविद्यालयों का सम्मेलन था। इस कार्यक्रम के तहत कम आय वाले प्रतिभावान विद्यार्थियों को पूर्ण शिक्षण छात्रवृत्ति प्राप्त करने की सुविधा प्रदान की जाएगी। कॉलेज बोर्ड की अंतर्राष्ट्रीय उपाध्यक्ष लिंडा ल्यू ने कहा कि वे भारत में इंडिया ग्लोबल हायर एजुकेशनल एलायंस के सदस्य विश्वविद्यालय के माध्यम से देश के वंचित विद्यार्थियों तक पहुंचने में सफल होने को लेकर काफी खुश हैं। सैट नामक प्रवेश परीक्षा के माध्यम से देश के कम आय वाले प्रतिभावान विद्यार्थी उच्च गुणवत्ता वाली स्नातक स्तरीय शिक्षा प्राप्त करने के लिए छात्रवृत्ति प्राप्त कर सकेंगे। इस योजना का लाभ लेने के लिए विद्यार्थियों को संस्था द्वारा आयोजित सैट परीक्षा में 12 ग्रेड प्राप्त करना होगा। 6 लाख रुपए से कम आय वाले आवेदक विद्यार्थियों को इस परीक्षा में पहली बार शामिल होने के लिए कोई परीक्षा शुल्क नहीं देना होगा। एनएमआईएमएस की कुलसचिव डॉ. मीना चिंतामनेनी ने बताया कि इस समझौते का लक्ष्य सभी विद्यार्थियों के लिए उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा मुहैया कराना है। बेन्नेट्ट विश्वविद्यालय के कुलपति सचिन जैन ने कहा कि उनका विश्वविद्यालय प्रवेश के लिए स्वतंत्र परीक्षाओं के संचालन की बजाय ठीक ढंग से स्थापित राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय परीक्षणों का उपयोग करने में विश्वास रखता है। ऐसे में उन्हें अपने विश्वविद्यालय के लिए यह योजना बिल्कुल सटीक लगती है। उन्होंने विश्वास प्रकट करते हुए कहा कि निश्चित रूप से यह गरीब लेकिन प्रतिभावान विद्यार्थियों को अच्छी शिक्षा प्राप्त करने में मददगार साबित होगा। एसआरएम इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी के कुलपति डॉ. संजय संचेती ने कहा कि इस गठबंधन के संस्थापक सदस्य के रूप में उनके विश्वविद्यालय के लिए यह योजना काफी महत्वपूर्ण है। यह केवल देश ही नहीं बल्कि दुनिया भर के विद्यार्थियों को अच्छी शिक्षा प्राप्त करने के लिए आकर्षित करेगा।
Published on:
15 Oct 2018, 1:18 PM IST
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