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नहीं रूक रही चावल की तस्करी, पश्चिमी तमिलनाडु में 1,736 टन तस्करी के पीडीएस चावल जब्त

ज़ोन में सबसे अधिक कृष्णगिरी जिले में 475 टन Rs 63,000 fine imposed on ration shop owner for poor record maintenance

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Rs 63,000 fine imposed on ration shop owner for poor record maintenance

PDS smuggling

चेन्नई. नागरिक आपूर्ति सीआइडी (सीएस-सीआइडी) पश्चिम क्षेत्र विंग ने इस साल जनवरी से 1,736.04 टन तस्करी वाले राशन चावल जब्त किए हैं, जो पिछले साल आठ जिलों में जब्त किए गए 1,072.9 टन चावल से अधिक है।
इस वर्ष जब्त किए गए 1,736 टन से अधिक पीडीएस चावल के अलावा इस वर्ष पीडीएस चावल की तस्करी के लिए 27 लोगों पर गुंडा अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया। इसी तरह इस साल इसी मामले में 575 वाहन सीज किए गए। उन्होंने कहा कि 2021 में रिपोर्ट किए गए 1,798 मामलों के मुकाबले इस साल आठ जिलों से चावल और मिट्टी के तेल सहित पीडीएस तस्करी के कुल 2,231 मामले सामने आए।
पड़ौसी राज्यों की सीमा पर अधिक तस्करी
कृष्णगिरी जिले में 475 टन से अधिक पीडीएस चावल जब्त किया गया, जो कि ज़ोन में सबसे अधिक है। जैसा कि कृष्णागिरी कर्नाटक और आंध्र प्रदेश के साथ सीमा साझा करता है, बहुत से लोग वेप्पनहल्ली और होसुर के माध्यम से तिरुपत्तूर, तिरुवन्नामलाई, कृष्णागिरी और अन्य क्षेत्रों से राशन चावल की तस्करी करने की कोशिश कर रहे हैं। तस्करी को नियंत्रित करने के लिए कृष्णगिरी और पोलाची (कोयंबत्तूर) में दो विशेष गश्ती दल तैनात हैं।


तस्करी रोकने को विशेष जाब्ता
आठ जिले जिनमें कृष्णगिरी, धर्मपुरी, सेलम, तिरुपुर, नामक्कल, इरोड, नीलगिरी और कोयम्बत्तूर शामिल हैं, पश्चिम क्षेत्र में आते हैं। अन्य राज्यों में राशन चावल की तस्करी को रोकने के लिए तीन पुलिस उपाधीक्षक, छह इंस्पेक्टर और 100 से अधिक अन्य कर्मी आठ जिलों में काम कर रहे हैं।
पी. बालाजी, सीएस-सीआइडी पश्चिम क्षेत्र अधीक्षक।