छतरपुर. शहर के सबसे व्यस्ततम मार्ग जवाहर रोड में बीते वर्षों में ३-४ बार डामरीकरण किया गया है और फिर कुछ ही दिनों में सड़क खराब हो रही है। जिससे यहां के राहगीरों को खासी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। हालात यह हैं कि डामरीकरण होने के ४-६ माह में ही यह सड़क उखडऩे लगती है और फिर कई महीनों तक खराब सड़क से लोगों को आना जाना करना पड़ता है। कई दुर्घटनाएं होती है, एकाध की मौत होती है और फिर कहीं सड़क में डामरीकरण कर काम शुरू किया जाता हैै।
शहर के रीवा-ग्वालियर ओर कानपुर सागर हाइवे की संयुक्त सड़क व शहर को चोरों दिशाओं को जोडऩे वाले एक मात्र सड़क जवाहर रोड है। यहां पर दिन रात हजारों की तादात में छोटे से लेकर हैवी वाहनों का आना जाना लगा रहता है। इस सड़क में अन्य सड़कों से अधिक वाहनों को आवागमन होने और भार अधिक होने के अनुसार सड़क तैयान नहीं कराई जा रही है। ऐसे में सड़क बनने के बाद कुछ ही माह में उखडऩे लगती है और फिर कई महीनों तक गड्ढों भरे रास्ते से लोगों को आना जाना करना पड़ता है। ऐसे में आए दिन सड़क दुर्घटनाएं होती है ओर कुछ दुर्घटनाओं में लोगों को जान भी गवांनी पड़ती है। लेकिन फिर भी नगर पालिका और लोक निर्माण विभाग की ओर से इस सड़क में मजबूती से काम नहीं कराया जा रहा है।
इसके साथ ही इसी सड़क के नीचे से नगर पालिका की पानी की पाइप लाइन डली है, जो आए दिन कहीं न कहीं से लीक होती रहती है। ऐसे में नगर पालिका द्वारा सड़क में गड्ढा खोदकर सुधार किया जाता है और फिर कई दिनों में गड्ढा खुला होने और फिर मिट्टी से पुराव कर कई दिनों के लिए छोड दिया जाता है। इसी दौरान १-२ दुर्घटनाएं होने के बाद फिर यहां पर डामरीकरण कर दिया जाता है। जो १०-१२ दिनों में ही खराब हो जाती है। जिसके बाद लोगों को खराब सड़क से परेशानियों को सामना करना पड़ता है।
आधा दर्जन स्थानों में खराब हुआ मार्गनगर पालिका द्वारा ४-५ स्थानों में लाइन सही करने के लिए खुदाई की ओर फिर सही तरीके से रेस्ट्रोरेशन नहीं किया। जिससे यहां पर अब सड़क उखडने लगी है। इसके साथ कुछ अन्य अन्य स्थानों में भी रोड उखडऩे लगा है। इनमें खड़े हनुमानजी मंदिर के पास, टौरिया हाउस के पास, पीएनबी बैंक के पास और फौलादी कलम मार्ग के पास सड़क काफी खराब हो चुकी है।