
arjunwadi
छिंदवाड़ा। शहर के बाहर बनी 65 किमी रिंगरोड पर ऐसे कई एप्रोच मार्ग है जो कि चौराहा बनते है जिन स्थानों पर भौगोलिक स्थिति इतनी खराब है कि लगातार भीषण सडक़ हादसे होते है। इमलीखेड़ा, शिकारपुर के आगे अर्जुनवाड़ी रिंगरोड चौराहा ऐसा ही एक ब्लॉक स्पॉट है जहां हमेशा एक्सीडेंट का खतरा बना रहता है और जब भी सडक़ हादसा होता है तो लोगों की जान पर बन आती है। स्थानीय लोगों ने कई बार इस स्थान के सुधार की मांग की है लेकिन कोई सुधार कार्य एनएचएआई ने नहीं किया है। पूर्व में हादसों के बाद अब तक ना ही कोई सूचना पटल लगा है ना ही किसी भी तरह की चेतावनी बोर्ड वहां लगाए गए है। नागपुर की ओर से सिवनी की ओर जाने वाले रिंगरोड पर थोड़ा ढलान है वहीं शिवलालढाना से आगे बढऩे तथा सांख की ओर जाने में रिंगरोड पर थोड़ा चढाव है ऐसे में रिंग रोड पर वाहन तेज गति से निकलते है तथा दोनों ओर से आने वाले वाहन रिंगरोड पर चलने वाले वाहनों को नजर नहीं आते है।
पूर्व में हादसों के बाद अब तक ना ही कोई सूचना पटल लगा है ना ही किसी भी तरह की चेतावनी बोर्ड वहां लगाए गए है। नागपुर की ओर से सिवनी की ओर जाने वाले रिंगरोड पर थोड़ा ढलान है वहीं शिवलालढाना से आगे बढऩे तथा सांख की ओर जाने में रिंगरोड पर थोड़ा चढाव है ऐसे में रिंग रोड पर वाहन तेज गति से निकलते है तथा दोनों ओर से आने वाले वाहन रिंगरोड पर चलने वाले वाहनों को नजर नहीं आते है। ऐसे स्थान पर लगातार सडक़ हादसे हो रहे है वहां पर सूचना बोर्ड लगाने के निर्देश कलेक्टर ने सडक़ सुरक्षा समिति की बैठक में एनएचएआई के अधिकारियों को दिए थे लेकिन अधिकारी के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही है। यह कहना गलत नहीं होगा कि सडक़ सुरक्षा समिति में मिले निर्देश व कलेेक्टर के आदेश की लगातार अवहेलना हो रही है।
ऐसे स्थान पर लगातार सडक़ हादसे हो रहे है वहां पर सूचना बोर्ड लगाने के निर्देश कलेक्टर ने सडक़ सुरक्षा समिति की बैठक में एनएचएआई के अधिकारियों को दिए थे लेकिन अधिकारी के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही है। यह कहना गलत नहीं होगा कि सडक़ सुरक्षा समिति में मिले निर्देश व कलेेक्टर के आदेश की लगातार अवहेलना हो रही है। ऐसे स्थान पर लगातार सडक़ हादसे हो रहे है वहां पर सूचना बोर्ड लगाने के निर्देश कलेक्टर ने सडक़ सुरक्षा समिति की बैठक में एनएचएआई के अधिकारियों को दिए थे लेकिन अधिकारी के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही है। यह कहना गलत नहीं होगा कि सडक़ सुरक्षा समिति में मिले निर्देश व कलेेक्टर के आदेश की लगातार अवहेलना हो रही है।
लगातार सडक़ हादसे हो रहे है लेकिन सडक़ निर्माण एजेंसी ध्यान नहीं दे रही है। यहां पर कम से कम सूचना बोर्ड या फिर चेतावनी बोर्ड होना चाहिए कि कृपया वाहन धीरे चलाए आगे चौराहा है या फिर यह दुर्घटनाजन्य क्षेत्र है।
संतोष कहार, स्थानीय निवासी
देखने में आया है कि पूर्व में कई अधिकारी आए तथा इस स्थान पर फोटो खींच कर ले गए लेकिन कई साल बीतने के बाद भी इस स्थान पर वाहनों की गति कम करने व हादसों को रोकने कोई कदम नहीं उठाए है।
रामेश्वर ठाकरे, स्थानीय निवासी
जिस स्थान पर हादसे हो रहे है तथा बोर्ड की आवश्यकता है, वहां पर सूचना व चेतावनी बोर्ड लगाए जाएंगे। इसके साथ ही जो सुधार की आवश्यकता है वह वहां पर करवाएं जाएंगे।
आकृति गुप्ता, प्रोजेक्ट डायरेक्टर, एचएचएआई, छिंदवाड़ा।
Published on:
16 May 2026 12:42 pm
बड़ी खबरें
View Allछिंदवाड़ा
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
