जाटाछापर वेकोलि फि ल्टर के पास रहने वाले लोगों को कीचड़ से होकर आना जाना पड़ रहा है।यहां से दुपहिया एवं चौपहिया वाहनों का आवागमन खतरे से खाली नहीं है।
छिन्दवाड़ा/परासिया. जाटाछापर वेकोलि फि ल्टर के पास रहने वाले लोगों को कीचड़ से होकर आना जाना पड़ रहा है। नार्थ चांदामेटा से रामपुरी बस्ती तक 3 किलोमीटर सडक़ का निर्माण पीडब्ल्यूडी द्वारा किया जा रहा है। निर्माण के लिए ठेकेदार की ओर से किनारे पर सामग्री डाली गई थी। लेकिन निर्माण नहीं होने के कारण अब वह कीचड़ व दलदल में तब्दील हो गई है। बरसात के समय पानी निकासी के लिए नाली भी नहीं है। सडक़ अब दलदल में तब्दील हो गई है। यहां से दुपहिया एवं चौपहिया वाहनों का आवागमन खतरे से खाली नहीं है। राहगीरों के लिए कीचड़ भरी सडक़ से निकलना दूभर हो गया है। ग्रामीणों ने बताया कि लगभग आधा किलोमीटर सडक़ पर कीचड़ से जूझते हुए आवाजाही करना मजबूरी बन गई है। प्रशासन की उदासीनता के कारण ही इस सडक़ का निर्माण बरसात के पूर्व नहीं हो सका। ग्रामवासियों ने सडक़ का निर्माण जल्द कराने की मांग की है।