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इशिता के गानों पर झूमे युवा, कहा दर्शकों के भरपूर प्यार से बॉलीवुड में बनाई जगह

- दिखा स्वर, ताल व आवाज का संगम - आयोजन के दौरान शहीद परिवारों और राष्ट्रपति पुरस्कृत शिक्षकों का सम्मान

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कार्यक्रम के दौरान प्रस्तुति देती इशिता विश्वकर्मा।

नगर पालिका निगम के गुरुवार को दशहरा मैदान पर आयोजित नगर गौरव दिवस समारोह में पाŸव गायिका इशिता विश्वकर्मा के तरानों में बच्चे, युवा और महिलाएं समेत हर वर्ग झूम उठा। उनकी गायिकी में स्वर, ताल और आवाज का संगम दिखाई दिया।
इस कार्यक्रम का शुभारंभ सांसद बंटी साहू, महापौर विक्रम अहके, भाजपा जिलाध्यक्ष शेषराव यादव ने किया। उसके उपरांत कार्यक्रम में देश की सेवा करते हुए शहीद हुए परिवारों के सदस्यों एवं राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त शिक्षकों का का सम्मान किया गया। इनमें शिक्षक मुरलीधर राव, विनोद तिवारी, दिनेश भट्ट, विजय आनंद दुबे, उदित नारायण शर्मा रहे तो वहीं शहीद लालमन, अमित ठेंगे समेत अन्य शहीदों के परिजनों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर विभिन्न स्टॉलों पर व्यंजन के स्टॉल लगाए गए।

तीन वर्ष की आयु से शुरू किया सीखना

सारेगामा और इंडियाज गॉट टैलेंट फेम प्रसिद्ध गायिका इशिता विश्वकर्मा ने गुरुवार दोपहर निजी होटल में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि दर्शकों के प्यार की वजह से उन्होंने बालीवुड में गायिकी में स्थान बनाया। जबलपुर की निवासी इस गायिका ने कहा कि उन्होंने तीन वर्ष की उम्र से गीत गाना सीखना शुरू किया। लगातार प्रयासों और संघर्ष से सारेगामा जैसे शो में पहुंची। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम में मप्र और छत्तीसगढ़ के दर्शकों ने उन्हें भरपूर प्यार दिया। इससे उन्हें यह स्थान मिल पाया। उन्होंने अपने गीत भी गाकर सुनाया।

‘त्रिशक्ति स्वर रंजनी अलंकरण’ से सम्मानित हुईं गायिका इशिता

नगर गौरव दिवस के कार्यक्रम के लिए गायिका इशिता विश्वकर्मा ओर तेजल विश्वकर्मा के छिंदवाड़ा आगमन पर त्रिशक्ति राष्ट्रीय मंच ने उनका सम्मान किया। त्रिशक्ति राष्ट्रीय मंच की मातृशक्तियों ने इशिता विश्वकर्मा एवं तेजल विश्वकर्मा का शॉल,पुष्प गुच्छ देकर स्वागत किया और ‘त्रिशक्ति स्वर रंजनी अलंकरण’ से सम्मानित कर मान पत्र दिया। इस दौरान संरक्षक अनीता तिवारी, नीरजा वाजपेयी, संस्थापिका शरद मिश्रा, कामिनी चंदेल, निशा यादव, ज्योति नेमा, कविता माहोरे एवं समस्त सदस्य उपस्थित रहे।