
monsoon-- यहां.. गांव की गुवाड़, सरकारी स्कूल और गलियां हुई लबालब
परसनेऊ में बरसात के दौरान भरभरा कर गिर गई दीवार
चूरू (राजलदेसर). क्षेत्र में शनिवार को उमस भरी गर्मी से लोग परेशान थे। शाम छह बजे से तेज हवा तथा मेघ गर्जना के साथ करीब पन्द्रह मिनट हुई बारिश से गर्मी से निजात मिली। मौसम खुशनुमा हो गया, कस्बे के रास्तों पर कीचड़ फैलने से लोगों को परेशानी हुई। देर शाम तक बूंदाबांदी का दौर जारी रहा। किसानों ने बताया कि बरसात ग्वार- बाजरे तथा पशुधन के लिए फायदेमंद रहेगी। गांव परसनेऊ में गत 30 जून से हर 2 दिन बाद हो रही बरसात ग्रामीणों के लिए जी का जंजाल बन गई है। शुक्रवार को हुई भारी बरसात का पानी 24 घंटे बाद भी गांव की गुवाड़ व राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर तथा गलियों में भरा पड़ा है। इस मार्ग पर सरदारशहर से बीदासर वाया राजलदेसर होते निजी बसों का आना जाना जोखिम भरा है । राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय की बरसात के चलते आगे तथा पीछे की करीब 50 फीट दीवार धराशाही हो गई है । स्कूल परिसर बरसाती पानी का जल भराव क्षेत्र बन गया है । कक्षा कक्षो की छत से पानी टपकता है। स्कूल के चारों और जमा पानी व कक्षा कक्षो में बरसाती पानी घुस जाने से नींव इतनी कमजोर हो गई है की किसी भी समय कक्ष धराशाही हो सकते हैं । लाइब्रेरी में पानी घुसने से सरकार की ओर से विद्यार्थियों को दी जाने वाली पुस्तकें गिली हो गई है । स्कूल भवन की जर्जर स्थिति कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है । स्कूल में छात्रों की उपस्थिति नगण्य रहती है । इस संबंध में प्रधानाचार्य बाबूलाल सांखोलिया ने बताया कि विभाग के उच्च अधिकारियों को स्थिति के बारे में अवगत करवाते हुए स्कूल परिसर से पानी निकासी की पुख्ता व्यवस्था करवाने की मांग की गई है । गांव के जगदीश पुजारी का कहना है कि निचले हिस्से में स्थित स्कूल में बरसाती पानी जमा रहने से स्कूल भवन खस्ता हालत में है । बच्चों को स्कूल भेजना संभव नहीं है । गांव की गुवाड़ व मंदिर मार्ग तथा गलियों में पानी भरा है । पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है । ग्रामीणों द्वारा स्थाई पानी निकासी की मांग पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है । कुलदीप ङ्क्षसह राठौड़ ने बताया कि गांव में भरे बरसाती पानी की निकासी की ग्राम पंचायत से बार-बार मांग करने पर भी कोई व्यवस्था नहीं की जा रही है । गांव की गुवाड़ एवं आम रास्तों में पानी भरा रहने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है । बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है । महेंद्र ङ्क्षसह का कहना है कि स्कूल भवन परिसर में व उसके चारों और जमा पानी के चलते किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है । शिक्षा विभाग से वर्षों पुराने स्कूल भवन के सुधार की मांग की है। ग्राम विकास अधिकारी अनिल कुमार का कहना है कि पानी निकासी के लिए बूस्टर लगाने का बजट अत्यधिक होने के कारण पंचायत समिति से स्वीकृत नहीं हुआ है। जनरेटर लगाकर शीघ्र पानी निकासी की व्यवस्था की जाएगी तथा ग्राम पंचायत की बैठक में पानी निकासी के स्थाई समाधान पर चर्चा की जाएगी।
मकान हुआ क्षतिग्रस्त
चूरू. सादुलपुर में बदलते मौसम के साथ हल्की धूप के साथ शनिवार को मौसम सुहावना बना रहा लेकिन दोपहर बाद बारिश होने से मौसम ठंडा हो गया। वहीं हमीरवास गांव में तेज हवाओं और बारिश के कारण एक खेत में बना मकान क्षतिग्रस्त हो गया। पीडि़त विकास कुमार ने बताया कि उसका मकान क्षतिग्रस्त हो गया। हवा इतनी तेज थी कि मकान की ईट दूर तक बिखर गई। इसके अलावा हरियाणा सीमा के निकटवर्ती गांवो में लगातार दो दिनों से तेज वर्षा जारी है। शुक्रवार शाम तेज मेघ गर्जना के साथ तेज हवा के जमकर अच्छी बारिश हुई। शनिवार अलसुबह बादलों एवं उमस के रहने के उपरांत दोपहर 2:15 बजे आसमान में काली घटाओं के साथ अच्छी वर्षा हुई।
बीदासर. कस्बे मे पूरे दिन बादलों की आवा जाही के बाद शनिवार की शाम 4 बजे के बाद हल्की बरसात हुई। इसके बाद रिमझिम बरसात का दौर रूक रूक कर जारी रहा। कस्बेवासी तेज बरसात का इंतजार कर रहे है ताकि घरो मे बने कुण्डों में बरसात का पानी संग्रहण कर सके। वहीं हल्की बरसात के दौरान की कस्बे की विद्युत सप्लाई गुल हो गई जो कई देर बाद बहाल हुई। बरसात से मौसम सुहावना हो गया।
रतनगढ़. वार्ड नं 16 में स्थित गढ की टंकी के पास बनी हुई जलदाय विभाग के कमरे की कोटङी भारी बारिश की वजह से सुबह ढह गई। गनीमत यह रही कि वहां प्रतिदिन खेलने वाले बच्चे मौजूद नहीं थे वरना हादसा हो सकता था। पार्षद रामकिशन माटोलिया ने बताया कि बारिश की वजह से यहां पर नुकसान होने की संभावना बन गई है। प्रशासन को समय रहते इसका उपाय करना चाहिए।
रतनगढ. क्षेत्र में शनिवार को शामं फिर हुई झमाझम बरसात से कस्बे में चारों ओर पानी भर गया जिससे लोगों को दूसरे दिन भी आवागमन में काफी बाधाएं आई। रेलवे स्टेशन रोड, राजकीय चिकित्सालय, बस स्टैंड, जडिय़ादेवी भवन, रघुनाथ विद्यालय के आगे, गांधी बाल निकेतन के आगे, उत्तरी बाजार में, प्रधान डाकघर के आगे, बीएसएनएल के आगे, परमाणा ताल के पास चूरू रोड़ पर, रेलवे घूमचक्कर के पास, चूरू रेलवे फाटक के नीचे सहित कई इलाकों में पानी भर गया। इससे परेशानी का सामना करना पड़ा।
Published on:
17 Jul 2022 07:19 pm
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