13 फ़रवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अनूठी पहल: लाखों का दहेज छोड़कर सरकारी नौकरी वाले बेटे की शादी में लिया केवल 1 रुपया

राजस्थान के चूरू जिले में एक स्कूल प्रधानाचार्य की बेटी की शादी भादरा तहसील के युवक के साथ बिना दहेज सम्पन्न हुई। हर कोई दूल्हे के पिता की इस पहल की सराहना कर रहा है।

less than 1 minute read
Google source verification

चूरू

image

Santosh Trivedi

Feb 09, 2025

no drowary

राजस्थान के चूरू जिले की साहवा उप तहसील के गांव श्योपुरा में एक स्कूल प्रधानाचार्य की बेटी की शादी भादरा तहसील के युवक के साथ बिना दहेज सम्पन्न हुई। दुल्हन के मामा सेवानिवृत ले. कर्नल रामकुमार कस्वां ने बताया कि गांव श्योपुरा निवासी इन्द्राज महला प्रधानाचार्य की एमए बीएड पुत्री ज्योति की शादी भादरा तहसील के गांव डूगराना निवासी ट्रांसपोर्ट व्यवसायी विनोद कुमार ताखर के बेटे दीपक कुमार के साथ शादी हुई। दीपक कुमार की सरकारी नौकरी है।

शनिवार सुबह विदाई के समय दूल्हे के पिता शगुन के रूप में एक रुपया और नारियल लेकर अपने बेटे की दुल्हन को विदा कर ले गए। शादी समारोह में आए रिश्तेदारों और एकत्रित परिवारजनों ने ताखर की इस सोच पर उन्हें साधुवाद दिया।

रामकुमार कस्वां ने बताया कि गुरूवार को ताखर की राजकीय सेवारत अध्यापिका बेटी पूनम चौधरी की शादी गांव मलवाणी नोहर में जसवंत सिहाग के राजकीय सेवारत अध्यापक बेटे अनिल सिहाग से हुई थी। उसमें भी इनकी बेटी के ससुराल पक्ष ने बिना दहेज लिए शादी कर शगुन के एक रुपया व नारियल लेकर विदाई ली थी।

रामकुमार कस्वां ने ताखर और महला परिवार को साधुवाद देते हुए कहा कि शादियों में हर साल फिजलूखर्ची और दहेज लेने-देने का सिलसिला बढ़ रहा है। ऐसे माहौल में समाज को आइना दिखाते हुए इस फैसले की हर तरफ सराहना हो रही है। मगर अब जरूरत दहेज न लेने की सोच को सोच तक सीमित न रखते हुए एक विचारधारा बनाने की है। तभी हमारी आने वाली पीढ़ी इस अभिशाप से मुक्ति पा सकेगी।

यह भी पढ़ें : छोटे से गांव की यह शादी बनी चर्चा का विषय, हेलीकॉप्टर से दुल्हन को लेने पहुंचा दूल्हा; दूल्हे के ताऊ की इच्छा हुई पूरी