कई गांवों में बारिश के साथ गिरे ओले, खेतों में भरा पानी, फसलें हुई खराब
चूरू. गत दो दिनों से चल रहा क्षेत्र में रिमझिम बारिश का दौर शुक्रवार को भी जारी रहा। शुक्रवार की सुबह जहां तीखी धूप खिली लेकिन दोपहर होते-होते मौसम का मिजाज बदल गया। काली घटाएं घिर आई और तेज हवा के साथ बूंदाबांदी हुई। थोड़ी देर बाद धूप खिलने के बाद फिर से बूंदाबांदी शुरू हो गई। दिनभर धूप-छांव का खेल चलता रहा।
सरदारशहर. कालूसर, पूलासर, अजीतसर, जयसंगसर, हरपालसर सहित आसपास क्षेत्र के कई गांवों में शुक्रवार को मौसम के वज्रपात ने किसानों की कमर तोड़कर रख दी। तेज हवा व बारिश के साथ ओले गिरने से खेतों में फसलों में जमकर नुकसान पहुंचा। कई गांवों में चने व बड़े आकार के ओले गिरे। ओलावृष्टि से गेहूं की फसल की बालियां भी टूटकर गिर गई। किसानों की माने तो इस माह में तीन बार हुई बारिश व ओलावृष्टि से फसलों को भारी नुकसान हुआ है। गेंहू, सरसों व चने की फसल में भी बहुत नुकसान हुआ है। किसान रामलाल सारण ने बताया कि पहले बिजली नहीं मिलने से फसलों को नुकसान हुआ।
साहवा. दोपहर में अचानक आसमान में घटाएं घिर आई और शाम 4 साढे 4 बजे बादलों की गडग़ड़ाहट के साथ एक घंटे झमाझम बारिश हुई। इस दौरान कई बार चने के आकार के ओले भी गिरे। खेतों में पककर तैयार गेहूं और चने की फसलों में नुकसान हुआ। साहवा में निचले स्थानों पर बारिश का पानी भर जाने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।