3 फ़रवरी 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बर्थडे विशेष: स्कूल में सबसे पीछे की बेंच पर बैठने वाला ये बच्चा आज है भारतीय क्रिकेट टीम का मास्टर

भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य कोच रवि शास्त्री आज अपना 56वां जन्मदिन सेलिब्रेट कर रहे हैं। इस मौके पर जानिए उनके बारे में कुछ खास जानकारियां...

3 min read
Google source verification
ravi shastri

क्रिकेट की लोकप्रियता भारत में अन्य खेलों से ज्यादा है। क्रिकेट के भारतीय दीवाने हमेशा अपने चहेते क्रिकेटरों के निजी जीवन को जानने को उत्सुक रहते हैं। यही कारण है कि रूटीन की बड़ी खबरों के साथ-साथ पत्रिका की हमेशा यह कोशिश रहती है कि हम आपके सामने आपके चहेते क्रिकेटरों की इनसाइड स्टोरी भी सामने लेकर आए। इसी कारण से हम क्रिकेटरों के जन्मदिन पर उनके करियर और जीवन से संबंधित रोचक जानकारियों को आप तक पहुंचाने का प्रयास करते है। आज भी एक दिग्गज भारतीय क्रिकेटर का जन्मदिन है। आईए अगली स्लाइड में जानते है उस दिग्गज क्रिकेटर से जुड़ी चंद रोचक कहानियां...

ravi shastri

भारतीय क्रिकेर टीम के मुख्य कोच रवि शास्त्री आज अपना 56वां जन्मदिन सेलिब्रेट कर रहे हैं। यूं तो रवि शास्त्री आज किसी पहचान के मोहताज नहीं है। लेकिन बहुत कम लोगों को पता होगा कि शास्त्री अपने स्कूली दिनों में सबसे पीछे की बेंच पर बैठा करते थे। क्या था इसका कारण, जानें इस स्टोरी में....

ravi shastri

रवि शास्त्री के पिताजी डॉक्टर थे। जब रवि शास्त्री बहुत छोटे थे तब वे गिल्ली-डंडा, कंचे और फुटबॉल-हॉकी खेलने में ही ज़्यादा समय बिताते थे। बचपन में रवि काफी जिद्दी स्वभाव के थें। किसी भी खेल में आउट हो जाने पर वे अपने खेल के सामानों को लेकर खेलना बंद कर देते थे। तो सारे दोस्त उनकी बात मानकर उन्हें एक मौक़ा और दे देते थे।

ravi shastri

स्कूल में रवि शास्त्री अपनी क्लास में सबसे पीछे की बेंच पर बैठते थे। इसका एक कारण थी आखिरी बेंच के पास की खिड़की। इस खिड़की से वे क्लास से बाहर क्या चल रहा है यह देख पाते थे। जब रवि शास्त्री 9वीं में थे, तब स्कूल की क्रिकेट टीम बनी और उनके कोच देसाई सर ने उन्हें क्रिकेट सीखने में खूब मदद की। उनकी वजह से ही वे क्रिकेटर बन सके।  

ravi shastri

रवि शास्त्री ने भारत की ओर से 80 टेस्ट और 150 एकदिवसीय मुकाबले खेले है। टेस्ट में उनके खाते पर 3830 जबकि वनडे में 3108 रन दर्ज है। बल्लेबाजी के साथ-साथ शास्त्री गेंदबाजी में भी माहिर थें। उन्होंने टेस्ट में 151 और वनडे में 129 विकेट चटकाया है। वो भारतीय क्रिकेट टीम के मैनेजर भी रह चुके है। साथ ही अभी वो मुख्य कोच है। कोच पद इनकी नियुक्ति के समय कुछ विवाद भी उठा था। लेकिन इन विवादों को पीछे छोड़ते हुए शास्त्री ने कोहली के साथ मिलकर टीम को काफी ऊंचाईयों पर पहुंचाया है।    

ravi shastri

शास्त्री के संबंध में एक रोचक जानकारी यह भी दे दें कि भारतीय क्रिकेट टीम को पहली बार विश्व विजेता बनाने वाले कप्तान कपिल देव ने एक बार साफ-साफ कहा था कि रवि शास्त्री में प्रतिभा की कमी है। क्रिकेटर आकाश चोपड़ा की किताब 'नंबर्स डू लाइज़' के विमोचन समारोह में कपिल देव ने कहा था कि रवि शास्त्री जैसा कोई खिलाड़ी जिसमें कोई प्रतिभा नहीं हो और वो इतने लंबे समय तक क्रिकेट खेलता है। मैं समझता हूँ कि यही उसकी सबसे बड़ी उपलब्धि है।