
गंगा जमुना स्कूल
दमोह. हाइ स्कूल व हायर सेकंडरी स्कूल की छात्राओं को ड्रेस कोड के नाम पर हिजाब पहनाने की आरोपित गंगा जमुना संस्था पर मुस्लिम पीढ़ी तैयार करने और शिक्षकों का धर्मांतरण करने के सबूत आयोग को मिले हैं। बाल अधिकार आयोग ने माना है कि संस्था द्वारा अनैतिक गतिविधियों का संचालन किया जा रहा था, इस बात से जुड़े रिकार्ड जब्त किए गए हैं, जिनकी जांच की जा रही है।
आयोग के सदस्य दीपक तिवारी का कहना है कि आयोग की टीम ने स्कूल पहुंचकर जांच शुरू की और सबसे पहले स्टॉफ रजिस्टर मंगाया गया। जिसमें प्रिसिंपल अफसा पति शेख इकबाल का नाम दर्ज है, लेकिन इनकी जन्म हिस्ट्री को जांचा गया तो मां का नाम साहिल श्रीवास्तव निकला। इसी तरह शिक्षिका अनीता पति तौफीक खान इनकी मां का नाम निर्मला यादव है। तीसरी शिक्षिका तब्सुम बानो पति साबिर अली इनकी मां का नाम चंद्रकांता जैन दर्ज है। आयोग सदस्य तिवारी ने कहा कि प्रिसिंपल सहित तीनों शिक्षिकाओं की इस परिचय हिस्ट्री से धर्मांतरण होना स्पष्ट है। तत्काल ही इस रिकार्ड को जब्त किया गया है, जिसकी जांच चल रही है। आयोग सदस्य ने कहा कि इस संबंध में स्कूल डायरेक्टर व अन्य जिम्मेदारों से बात की तो उन्होंने गोलमोल जबाव दिए गए, जो संतोषप्रद नहीं माने जाएंगे। यहां सीधे तौर पर आपत्तिजनक तथ्य सामने आए।
पुलिस को मिली समय सीमा के दो दिन शेष
बता दें कि आयोग ने तीन दिन पहले एसपी दमोह को एक निर्देश पत्र जारी किया था, जिसमें स्कूल की दीवारों की पुताई कर धार्मिक अंतर्वस्तु मिटाया जाने के आरोप की जांच कर एफआइआर दर्ज करने का उल्लेख किया गया। आयोग सदस्य दीपक तिवारी का कहना है कि इस संबंध में पुलिस ने क्या कार्रवाई की, इस संबंध में अभी आयोग को अवगत नहीं कराया गया है, हालांकि इस कार्रवाई के लिए पांच दिनों की समयावधि थी जिसके दो दिन अभी शेष हैं।
Published on:
05 Jun 2023 08:15 pm
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