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जेजेपी प्रत्याशी झालानी पर बदमाशों ने किया हमला, चालक व निजी सचिव भी घायल

मारपीट कर गाड़ी में लगाई आग  

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जेजेपी प्रत्याशी झालानी पर बदमाशों ने किया हमला, चालक व निजी सचिव भी घायल

मंडावर के राजकीय अस्पताल में भर्ती आशुतोष झालानी। (ग्रामीण)

दौसा. मंडावर थाना इलाके के एदलपुर गांव के पास सोमवार देर रात्रि अज्ञात बदमाशों ने जेजेपी (जनता जननायक पार्टी) प्रत्याशी आशुतोष झालानी के साथ मारपीट कर उनके वाहन को आग लगा देने का मामला प्रकाश में आया है। महुवा विधानसभा क्षेत्र से जेजेपी पार्टी के प्रत्याशी आशुतोष झालानी ने पुलिस को बताया कि सोमवार देर रात्रि करीब 1 बजे वे अपने पैतृक गांव बनावड से कार में अपने ड्राइवर गिर्राज सैनी और निजी सचिव संजय लखेरा के साथ भैंरू बाबा की पूजा अर्चना कर लौट रहे थे। एदलपुर गांव से पहले पावर हाउस के पास सुनसान जगह पर अज्ञात चार पांच बदमाशों ने उनकी गाड़ी पर पथराव किया। बाद में गाड़ी को रुकवाकर उनके साथ मारपीट की और पेट्रोल से भरी बोतल से गाड़ी को आग लगा दी। इस दौरान मारपीट में उनके कपड़े फट गए। बदमाशो ने ड्राइवर व निजी सचिव के साथ भी मारपीट की। चिल्लाने पर बदमाश भाग छूटे।

मामले की सूचना पर पुलिस टीम घटना स्थल पहुंची। जहां झालानी का चेहरा झुलस जाने से उनको राजकीय अस्पताल पहुंचाया। अधिक जलन होने से चिकित्सक ने उन्हें प्राथमिक उपचार देकर जयपुर रैफर कर दिया। जहां जयपुर में उनकी हालत सामान्य होने पर उन्हें अस्पताल से शाम को छुट्टी दे दी गई। घटना की जानकारी लगते ही पुलिस के उच्चाधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया। साथ ही पुलिस भी घटना स्थल पर बार बार जाकर सभी एंगलों से जांच में जुटी है। थानाधिकारी सचिन शर्मा ने बताया कि मामले में जांच चल रही है।

दिनभर चलती रही अफवाह

महुवा विधानसभा क्षेत्र से जेजेपी पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ रहे आशुतोष झालानी पर एकाएक हुए हमले की खबर से जहा लोगो में हड़कंप मच गया। वही क्षेत्र में दिनभर लोग कयास लगाते रहे की आखिर किसने झालानी पर हमला करवाया है। फिलहाल इस बारे में कुछ भी कहा नहीं जा सकता है। पुलिस जांच के बाद ही मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

पुलिस पर उठाए सवाल

झालानी को पहले से ही अंदेशा था। की उनकी स्वयं की सुरक्षा को लेकर खतरा है। इसके लिए उन्होंने उपखंड अधिकारी को सुरक्षा के मामले को लेकर लिखित में पत्र दिया था। जहां पुलिस व प्रशासन के ढीले रवैया के चलते उन्हें समय रहते सुरक्षा मुहैया उपलब्ध नहीं करवाई जा सकी। संभवत उन्हें समय रहते सुरक्षा उपलब्ध होती तो इस तरह का हमला संभवतया नहीं होता।