दौसा. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी रविवार को दौसा के समीप धनावड़ रेस्ट एरिया में आकर देश के सबसे लंबे दिल्ली-मुम्बई ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे के लालसोट-दौसा-सोहना खण्ड का लोकार्पण करेंगे। इस दौरान पीएम जनसभा को भी संबोधित करेंगे। सभा दोपहर एक बजे से शुरू हो जाएगी, हालांकि पीएम मोदी करीब दो बजे पहुंचेंगे। पहले चरण में चालू हो रहे एक्सप्रेस-वे की लंबाई 247 किलोमीटर है तथा 12 हजार 173 करोड़ की लागत से तैयार किया गया है।
पीएम मोदी के दौरे को लेकर माकूल इंतजाम किए गए हैं। एसपीजी के निर्देशन पर हेलीपेड से लेकर मंच तक पुख्ता सुरक्षा बंदोबस्त किए गए हैं। सभास्थल व आसपास के इलाके में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। शनिवार दोपहर भाजपा के प्रदेश प्रभारी अरुण सिंह व प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया ने धनावड़ रेस्ट एरिया पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। सभा में पीएम मोदी के अलावा केन्द्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गड़करी, राज्यपाल कलराज मिश्र, हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहरलाल खट्टर सहित कई सांसद, विधायक व भाजपा के आला नेता शामिल होंगे। राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के आने पर संशय बना हुआ है।
तीन बड़े डोम व 40 हजार कुर्सियां, नौ हेलीपेड
सभास्थल पर तीन बड़े डोम बनाए गए हैं। सभास्थल पर करीब 40 हजार कुर्सियां लगाई गई हैं तथा बाहर बैठने की व्यवस्था है। वीवीआईपी मूवमेंट को देखते हुए नौ हेलीपेड बनाए हैं। भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया ने बताया कि दौसा सहित जयपुर, अलवर, भरतपुर, सवाईमाधोपुर, करौली सहित आसपास के जिलों से वाहनों में सवार होकर लोग सभा में आएंगे। करीब दो लाख लोगों का समागम होगा। जहां भी इंटरचेंज हैं, वहां प्रमुख जनप्रतिनिधि भूमि पूजन भी करेंगे।
इन तीन प्रोजेक्ट की भी होगी शुरुआत
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एक्सप्रेस वे के लोकार्पण के साथ तीन नए प्रोजेक्ट्स का भी शिलान्यास करेंगे। इनमें 3775 करोड़ की लागत से 86 किलोमीटर का 6 लेन कोटपूतली-अलवर मार्ग, 2020 करोड़ की लागत से 67 किलोमीटर लंबा 4 लेन बांदीकुई-जयपुर मार्ग तथा 150 करोड़ की लागत से 94 किलोमीटर लंबे लालसोट-करौली मार्ग की शुरुआत होगी।
ईआरसीपी को लेकर हैं उम्मीदें
इलाके में पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना (ईआरसीपी) को राष्ट्रीय परियोजना घोषित करने को लेकर लंबे समय से मांग उठ रही है। मोदी का दौरा तय होने के बाद इस मुद्दे ने जोर पकड़ लिया है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से लेकर सचिन पायलट तक कई नेता हाल ही मेें इस मुद्दे को उठा चुके हैं। ऐसे में अब पीएम के संबोधन में ईआरसीपी का जिक्र होता है या नहीं, इस पर 11 जिलों के लोगों की निगाहें रहेंगी।
