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पानी भरने के मामूली विवाद में बहू ने किसको घोप दिया चाकू

तीन लोगों पर मुकदमा दर्ज

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देवास

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Amit Mandloi

Oct 26, 2023

पानी भरने के मामूली विवाद में बहू ने किसको घोप दिया चाकू

पानी भरने के मामूली विवाद में बहू ने किसको घोप दिया चाकू

देवास.
अभी तक महिला हिंसा के प्रकरण पुलिस के पास पहुंचते थे, लेकिन कलयुगी बहू ने अपने ही ससुर को चाकू घोंप दिया। पुलिस ने बहू, बेटे और काका के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।

पानी भरने की बात पर पिता पर बहू, बेटे और भाई ने हमला कर दिया। पीडित की रिपोर्ट पर प्रकरण दर्ज कर लिया है। मामला सिया गांव का है।

फरियादी सुधीर कुमावत ने बताया कि वे सिया में रहते है। उनके पास ही बहू, बेटे भी निवास करते है। उनके घर में टयूबवेल है। सुधीर ने बताया कि बहू कविता बार-बार टयूबवेल चालू करके पानी भर रही थी। सुधीर ने एक बार में ही भरने की बात कही। इसके चलते बहू नाराज हो गई। 24 अक्टूबर को बहू कविता, बेटा अनिल और भाई संतोष ने सुधीर से विवाद किया। बाद में दूसरे दिन २५ अक्टूबर को फिर विवाद हो गया। सुधीर ने बताया कि बहू, बेट, भाई ने अभद्रता शुरू कर दी। बाद में बहू कविता घर के अंदर से चाकू लाई और सुधीर पर वार कर दिया। सुधीर को देवास में उपचार के लिए भर्ती कराया। पुलिस ने सुधीर की रिपोर्ट पर संतोष, अनिल और कविता कुमावत पर प्रकरण दर्ज कर लिया है।

आरक्षक को मिली उज्जैन से देवास आई नाबालिक

महिला आरक्षक को मिली, वन स्टॉप सेंटर लाए परिजन पहुंचे देवास कल सौपेंगे
देवास.
कोतवाली पुलिस ने 10 दिनों में दो नाबालिकों को अपने-अपने परिजनों को सुरक्षित हालत में सौंपा है। बुधवार की रात में एक नाबालिक महिला आरक्षक को मिली। आरक्षक ने उसे सुरक्षित वन स्टाप सेंटर पहुंचाया।

बुधवार को नगर में माता रानी के विसर्जन जुलूस निकल रहे थे। सयाजी द्वार पर कोतवाली की महिला आरक्षक नेहा ठाकुर तैनात थी। नेहा की नजर वहां मौजूद अकेली नाबालिक पर पडी। नेहा ने उसे अपने पास रखा। नेहा ने आला अधिकारियों को सूचना दी। इसके बाद नाबालिक को वन स्टाप सेंटर भेजा गया। जहां उसका मेडिकल कराया। मेडिकल में कुछ नहीं आया है। नाबालिक सिर्फ अपने घर का पता बताई। इसके बाद उज्जैन में उसके परिजनों को सूचना दी। परिजन गुरुवार को वन स्टाप सेंटर पहुंचे। जहां नाबालिक ने परिजनों को पहचान लिया। प्रक्रिया के तहत नाबालिक को उज्जैन वन स्टाप सेंटर भेजा जाएगा। उसके बाद उसे परिजनों को सौंपा जाएगा। इसके पूर्व भी जिला अस्पताल में तैनात एक आरक्षक को मासूम मिली थी। आरक्षक ने उसे वन स्टाप सेंटर भेजा था। उसके बाद वह भी अपने परिजनों के पास पहुंच गई।