-वर्तमान में बस स्टैंड के समीप कई दशक पुराने छोटे भवन में हो रहा है संचालन
देवास. शहर से बाहर मक्सी बायपास पर करीब 70 लाख रुपए की लागत से तैयार हुआ यातायात भवन एक साल से अधिक समय के बाद भी उद्घाटन का इंतजार कर रहा है। इससे शुरू होने को लेकर कोई गतिविधि फिलहाल नजर नहीं आ रही है। वहीं वर्तमान यातायात थाना कई दशक पुराने भवन में बस स्टैंड के समीप संचालित हो रहा है, यहां जब कभी पूरा स्टॉफ एकत्रित होता है तो जगह की कमी महसूस होती है, वहीं अलग-अलग मामलों में पकड़े जाने वाले वाहन भी एबी रोड के किनारे ही खड़े करना पड़ रहे हैं। इससे भी कई तरह की दिक्कतें आवागमन में हो रही हैं, हालांकि वर्तमान भवन मुख्य शहर में होने से विभिन्न चौराहों पर ड्यूटी, चालानी कार्रवाई में ड्यूटी के लिए जाना व बेरेकेड्स, स्टॉपर आदि सामग्री मुख्य चौराहों, आयोजन स्थलों तक पहुंचाने में सुविधा भी हो रही है।
पुलिस हाउसिंग बोर्ड ने बनाया नया भवन
मक्सी बायपास पर यातायात थाने का जो भवन बना है वो दो मंजिला है। यह काफी बड़ा होने के साथ ही आधुनिक सुविधाओं वाला भी है, सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। आगे व पीछे काफी जमीन भी खाली पड़ी है जिसका उपयोग वाहन खड़े करने आदि मेंं किया जा सकता है। इस भवन का निर्माण पुलिस हाउसिंग बोर्ड द्वारा करवाया गया है।
यातायात थाने में 34 अधिकारी-कर्मचारियों का स्टॉफ
वर्तमान मेंं यातायात थाने में कुल 34 लोगों का स्टॉफ अधिकारी-कर्मचारियों सहित है। एक-एक डीएसपी व टीआई हैं, बाकी सूबेदार, एसआई, एएसआई, हवलदार, आरक्षक आदि हैं। इनमें 6 जवान होमगार्ड के भी शामिल हैं।
वर्जन
नया भवन करीब एक साल पहले तैयार हुआ था, उसके बाद फर्नीचर सहित अन्य संसाधन जुटाए जा रहे थे। पुलिस हाउसिंग बोर्ड से भवन हैंड ओवर भी हो गया है, वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में जल्द ही नए भवन की शुरुआत होगी।
-किरण शर्मा, डीएसपी यातायात देवास।
आसपास से लगे खेत, जहरीले जीव-जंतुओं का खतरा
जहां पर नया भवन बना है वहां सामने एबी रोड व तीन ओर खेत हैं। ऐसे मेंं यहां जहरीले जीव जंतुओं के आने की आशंका भी बनी रहेगी। खासकर बारिश के दिनों में सर्प आदि आसानी से पहुंच जाएंगे जिससे अतिरिक्त सावधानी रखनी होगी।
परिसर में सघन पौधरोपण की तैयारी
नए यातायात थाने के परिसर में सघन पौधरोपण की तैयारी की जा रही है। पत्रिका टीम ने शनिवार दोपहर जब यहां की स्थिति देखी तो भवन के पिछले हिस्से में बड़ी संख्या में पौधे रखे नजर आए, कई जगह गड्ढे भी खोदे गए हैं।