
CG News: छत्तीसगढ़ में कथित नकली शंकराचार्य को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। इसे लेकर धर्मसंघ, पीठ परिषद, आदित्यवाहिनी ने कथित नकली शंकराचार्य को छत्तीसगढ़ में प्रवेश नहीं देने की मांग की है। सदस्यों ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौपा हैं। आनंदवाहिनी के जिलाध्यक्ष दिलीपराज सोनी, साहू समाज के जिलाध्यक्ष अवनेन्द्र साहू, देवांगन समाज अध्यक्ष विनय देवांगन ने सोमवार को इस संबंध में कलेक्टर एवं एसपी को ज्ञापन सौपते हुए बताया कि जामुल में 21 से 27 अप्रैल तक होने वाले रूद्र महायज्ञ में कथित नकली शंकराचार्य को आमंत्रित किया गया है।
उन्होंने बताया कि पुरी पीठ के 145 वें शंकराचार्य निश्चलानंद सरस्वती महाराज हैं, जो सनातन धर्म की रक्षा के लिए भारत वर्ष का भ्रमण कर रहे हैं। उनसे प्रधानमंत्री से लेकर कई मुख्यमंत्री, मंत्री ने भेंटकर उनका आशीष प्राप्त किया है। कई धार्मिक विषयों पर उनका मार्गदर्शन भी प्राप्त होता है। ऐसे में किसी नकली व्यक्ति का शंकराचार्य के रूप में बुलाना, यह धर्म और भारतीय न्यायपालिका के विरूद्ध है।
धर्म संघ, पीठ परिषद, आनंदवाहिनी संस्था ने इस प्रकार के फर्जी व्यक्ति के आगमन को प्रतिबंधित करने की मांग की है। इस अवसर पर विप्र विद्ववत परिषद के अध्यक्ष अशोक शास्त्री, राजमानस संघ के सचिव जेएल देवांगन, पंडित राजेश शर्मा, योगेश गांधी, दीपक लखोटिया आदि उपस्थित थे।
Updated on:
22 Apr 2025 02:20 pm
Published on:
22 Apr 2025 02:20 pm
