- बहन के कारण जीवन बर्बाद होने को लेकर था आक्रोश - सात वर्ष पूर्व बहन के प्रेमी के पिता की भी की थी हत्या - एक हत्या का और था इरादा, उससे पहले पुलिस ने दबोचा
ऑनर किलिंग: बहन का हत्यारा भाई गिरफ्तार, सीने और सिर में मारी थीं दो गोलियां
- बहन के कारण जीवन बर्बाद होने को लेकर था आक्रोश
- सात वर्ष पूर्व बहन के प्रेमी के पिता की भी की थी हत्या
- एक हत्या का और था इरादा, उससे पहले पुलिस ने दबोचा
#owner killing news: धौलपुर. दिहौली थाना क्षेत्र में मिली मृत महिला की हत्या के आरोप में पुलिस ने उसके भाई को मथुरा से गिरफ्तार किया है। आरोपित भाई का कहना है कि बहन के आचरण के चलते उसका जीवन बर्बाद हो गया। इसे लेकर ही वह आक्रोशित था। पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह ने बताया कि दिहौली क्षेत्र में मिले शव की शिनाख्त ग्राम आयेला जिला आगरा निवासी पिंकी ठाकुर के रूप में हुई।
शिनाख्त के दौरान पुलिस को पता चला कि उसका भाई घनश्याम सिंह ही उसे १२ दिसंबर को लेकर आया था। महिला की पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार हत्या गोली मार कर हुई थी इस पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर संदिग्ध घनश्याम को दस्तयाब करने के लिए मनियां सीओ दीपक खंडेलवाल के नेतृत्व में दिहौली थाना प्रभारी बीधाराम व मनियां थाना प्रभारी लाखन सिंह की टीम गठित की गई। सीओ खंडेलवाल को घनश्याम के मथुरा में होने की सूचना मिली। इस पर थाना प्रभारी मनियां ने उसे मथुरा बस स्टैंड से दस्तयाब किया और धौलपुर लाया गया। पूछताछ में उसने अपनी बहन पिंकी की गोली मार कर हत्या करने की बात स्वीकार की।
यह बताया हत्या का कारण
घनश्याम ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि सात वर्ष पूर्व उसकी बहन पिंकी किसी अन्य जाति के लडक़े के साथ भाग गई थी। इस पर उसने लडक़े के पिता की हत्या कर दी थी। पिंकी का विवाह मुरैना जिले के दिमनी थानान्तर्गत मलूकापुरा गांव में हुआ था। इस हत्या के बाद पिंकी घर आ गई थी लेकिन, ससुराल और पीहर वालों ने उसे रखने से मना कर दिया। इसके बाद वह मढेला थाना अम्बाह में बुआ की लडक़ी प्रेमवती के पास रहने लग गई थी। इस बीच हत्या के मामले में घनश्याम गिरफ्तार होकर जेल चला गया। सात वर्ष जेल में रहने के बाद वह एक माह पूर्व ही जमानत पर बाहर आया था। उसे इस बात का आक्रोश था कि बहन के कारण उसकी जिंदगी बर्बाद हो गई। इसीलिए उसने पिंकी की हत्या कर दी।
ऐसे की हत्या
घनश्याम ने पुलिस को बताया कि उसका एक रिश्तेदार गुनपुर-गोपालपुरा रहता था। उसके पास आने के दौरान उसने अंबिका से कठूमरी के लिए बन रही नई सडक़ को देखा। यह इलाका काफी सुनसान है। घनश्याम ने पिंकी को यहीं लाकर मारने का षड्यंत्र रचा। १४ दिसंबर को वह गाड़ी लेकर दो दोस्तों के साथ मढेला पहुंचा। वह कहीं रिश्ता करने की बात कह पिंकी को साथ ले आया। १४ दिसंबर को ही रात १२ से एक बजे के बीच सामौर के पास तय स्थान पर लाकर पिंकी को आगे चलने को कहा। पिंकी के थोड़ा आगे चलते ही उसने पिंकी के सीने में गोली मार दी। पिंकी के गिरने पर उसने सिर में दूसरी गोली भी मार दी। पिंकी के मरने पर वह शव को सडक़ किनारे गड्ढे में डालकर ऊपर से मिट्टी डाल फरार हो गया।
बाहर भागने और एक अन्य हत्या की फिराक में था
पुलिस ने बताया कि पिंकी की हत्या के बाद घनश्याम पूना या महाराष्ट्र में कहीं फरार होने की फिराक में था। घनश्याम का कहना है कि वह उस लडक़े की भी हत्या करना चाहता है जो पिंकी को भगा कर ले गया था। वह उसकी भी हत्या करने का षड्यंत्र रच रहा था लेकिन, पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
इनका कहना है
महिला का शव मिलने के मामले में हत्या के आरोप में उसके भाई को गिरफ्तार कर लिया है। उससे वारदात में प्रयुक्त हथियार व उसके दोस्तों के बारे में पूछताछ की जा रही है।
- धर्मेन्द्र सिंह, पुलिस अधीक्षक, धौलपुर