
अक्सर मिठाई देखकर लोग उसे खाने से खुद को रोक नहीं पाते हैं। लेकिन जब बात कड़वी चीजों की आती है तो ज्यादातर लोग इसे खाने से बचते हैं। एक स्वस्थ और संतुलित आहार में सभी छह स्वाद-मीठा, खट्टा नमकीन, तीखा, कड़वा और कसैला शामिल होना चाहिए। आमतौर पर लोग लोग मीठा, खट्टा, नमकीन और कसैले स्वाद वाली चीजों को खाते हैं लेकिन कड़वा और तीखा होने के कारण करेला, अदरक, नीम से दूर रहते हैं। कई रिसर्च में भी सामने आया है कि कड़वी चीजें जैसे करेला, नीम की पत्तियां, अदरक पाक और एप्पल विनेगर में सेहत का खजाना छिपा है। जानते हैं इनके फायदों के बारे में-

नीम की पत्तियां- नीम की पत्तियां खून को साफ करती हैं। नीम की पत्तियों के नियमित इस्तेमाल से लीवर और पाचन ग्रंथि की कार्यप्रणाली सुधरती है। यह मधुमेह के रोगियों में ब्लड शुगर के स्तर को भी सामान्य रखती है।

अदरक पाक - यह भूख बढ़ाने के साथ पाचन शक्तिदुरुस्त करता है। यह शरीर की कोशिकाओं को पोषित करता है, इस कारण जोड़ों व मांसपेशियों के दर्द मेंं सुधार होता है। अदरक पाक शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाकर मौसमी बीमारियां जैसे ठंड, खांसी, सांस सम्बंधी समस्या और ब्लड क्लॉटिंग से बचाता है।

एप्पल विनेगर - डायटीशियन प्रीति जैन के अनुसार कार्बनिक कच्चा सेब साइडर सिरका पाचन तंत्र की सेहत सुधारने के साथ इम्युनिटी बढ़ाता है। यह आंतों की पोषक तत्त्वों को पचाने व अवशोषित करने की क्षमता बढ़ाता है। बेहतर परिणाम के लिए प्रतिदिन इस सिरके की एक या दो चम्मच मात्रा का ही लें।

करेला - अगर दिन में मिठाई अधिक ली है तो डिनर में करेले को शामिल करें। यह मिठाई के कारण जमा किए गए विषैले पदार्थों को साफ करने में मदद करता है। खासकर मधुमेह के रोगियों में यह ब्लड शुगर को नियंत्रित करता है। करेला पेट और लिवर की कार्यप्रणाली दुरुस्त रखने के साथ पेन्क्रियाज को इंसुलिन का उत्पादन करने के लिए उत्तेजित करता है। यह संक्रमण से बचाने के साथ भूख बढ़ाता है।