scripthigh creatinine level damage in kidney, danger sign | kidney Damage Causes: क्रिएटिनिन लेवल हाई होते ही डैमेज हो सकती है किडनी, जानिए कितना होना चाहिए शरीर में creatinine level | Patrika News

kidney Damage Causes: क्रिएटिनिन लेवल हाई होते ही डैमेज हो सकती है किडनी, जानिए कितना होना चाहिए शरीर में creatinine level

High Creatinine Side Effects: क्रिएटिनिन शरीर के लिए जरूरी है, क्योंकि ये मांसपेशियों के टूटने से बनता है, लेकिन अगर ये शरीर में ज्यादा बनने लगे तो किडनी को डैमेज कर सकता है।

Published: May 24, 2022 09:10:52 am

हर किसी के खून में क्रिएटिनिन होता है। ये एक नेचुरल रसायन है और ब्लड सर्कुलेशन में मददगार होता है। किडनी के जरिये ये फिल्टर होता है। क्रिएटिनिन का स्तर शरीर में कम होने पर ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है, लेकिन जब इसका स्तर बढ़ने लगता है तो इसके नुकसान बहुत हैं। तो चलिए जानें क्रिएटिनिन के अधिक होने के नुकसान के साथ जानें कि इसका लेवल शरीर में कितना नार्मल होता है और यदि यह बढ़ जाए तो इसे कैसे कम किया जा सकता है।
high_creatinine_level_damage_in_kidney_1.jpg
high creatinine level damage in kidney
नार्मल क्रिएटिनिन लेवल (Normal Creatinine Level)
बढ़ा हुआ क्रिएटिनिन किडनी को डैमेज कर सकता है। हर किसी के शरीर में क्रिएटिनिन का स्तर अलग-अलग होता है। पुरुषों में 0.6 से लेकर 1.2 मिलीग्राम होता है। वहीं महिलाओं में 0.5 से 1.0 मिलीग्राम क्रिएटिनिन होना चाहिए। टीनएजर्स में 0.5 से लेकर 1.0 मिलीग्राम और बच्चों में 0.3 से 0.7 मिलीग्राम क्रिएटिनिन का स्तर होना चाहिए ।
हाई क्रिएटिनिन लेवल से किसको खतरा?

  1. किन लोगों में क्रिएटिनिन बढ़ने का होता है खतरा
  2. जिन्हें डायबिटीज की समस्या हो।
  3. हमेशा हाई ब्लड प्रेशर हाई रहता हो।
  4. यदि इम्युनिटी हद से ज्यादा कमजोर हो गई हो।
  5. किडनी से जुड़ी किसी अन्य बीमारी से ग्रस्त हों।
  6. यदि शरीर में ऑटोइम्यून विकार है।
क्रिएटिनिन कम कैसे करे?
1. प्रोटीन का सेवन एकदम कम कर दें
पोषक तत्वों में प्रोटीन सबसे महत्वपूर्ण तत्व होता है। जिसकी जरूरत शरीर को भी होती है। लेकिन जरूरत से ज्यादा प्रोटीन का सेवन क्रिएटिनिन के स्तर को बढ़ा सकता है। अगर आपके शरीर में क्रिएटिनिन का स्तर बढ़ गया है तो तुरंत प्रोटीन का सेवन कम कर दें।
2. फाइबर वाली चीजें खाने में बढ़ा दें
फाइबर हमारे पेट के लिए काफी अच्छा माना जाता है। इससे दैजेष्ण बेहतर बना रहता है। शोधकर्ताओं की मानें तो फाइबर का ज्यादा सेवन करने से बढ़े हुए क्रिएटिनिन को कंट्रोल करने में मदद मिलती है। फल, सब्जी, बीन्स, दालें और स्प्राउड्स में क्रिएटिनिन की अच्छी मात्रा होती है।
3. पानी ज्यादा से ज्यादा पीएं
हर इंसान को हाइड्रेट रहने के लिए ज्यादा से ज्यादा पानी पिने की सलाह दी जाती है। क्योंकि जरूरत से कम पानी पीने से शरीर में क्रिएटिनिन का स्तर बढने लगता है क्रिएटिनिन जो काफी खतरनाक है क्रिएटिनिन अगर आप किडनी की किसी समस्या से ग्रसित हैं तो, मुश्किलें और भी बढ़ सकती हैं । इससे बचने के लिए आप तरल पदार्थ के साथ ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं ।
4. नमक का सेवन कम कर दें
ज्यादा नमक सेवन करने से हाई ब्लडप्रेशर की समस्या हो जाती है। जो सीधा किडनी पर असर करती है। इस वजह से क्रिएटिनिन का स्तर भी बढ़ जाता है। आप कम नमक का सेवन करने की कोशिश करें। एक दिन में दो चम्मच से ज्यादा नमक का एवं भूलकर भी नहीं करना चाहिए।
डिस्क्लेमर- आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल सामान्य जानकारी प्रदान करते हैं। इन्हें आजमाने से पहले किसी विशेषज्ञ अथवा चिकित्सक से सलाह जरूर लें। 'पत्रिका' इसके लिए उत्तरदायी नहीं है।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

बड़ी खबरें

राजस्थान में इंटरनेट कर्फ्यू खत्म, 12 जिलों में नेट चालू, पांच जिलों में सुबह खत्म होगी नेटबंदीनूपुर शर्मा पर डबल बेंच की टिप्पणियों को वापस लिया जाए, सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस के समक्ष दाखिल की गई Letter PettitionENG vs IND Edgbaston Test Day 1 Live: ऋषभ पंत के शतक की बदौलत भारतीय टीम मजबूत स्थिति मेंMaharashtra Politics: महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष चंद्रकांत पाटिल ने देवेंद्र फडणवीस के डिप्टी सीएम बनने की बताई असली वजह, कही यह बातजंगल में सर्चिंग कर रहे जवानों पर नक्सलियों ने की फायरिंगपंचायत चुनाव: दो पुलिस थानों ने की कार्रवाई, प्रत्याशी का चुनाव चिन्ह छाता तो उसने ट्राली भर छाता बंटवाने भेजे, पुलिस ने किए जब्तMonsoon/ शहर में साढ़े आठ इंच बारिश से सडक़ों पर सैलाब जैसा नजारा, जन जीवन प्रभावित2 जुलाई को छ.ग. बंद: उदयपुर की घटना का असर छत्तीसगढ़ में, कई दलों ने खोला मोर्चा
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.