
बिना एक्सरसाइज या मेहनत किए बगैर सामान्य से ज्यादा पसीना आए तो यह हृदयाघात का लक्षण हो सकता है।
बदलती जीवनशैली व खानपान के कारण हृदयाघात की समस्या लोगों में बढ़ रही है। ऐसे में यदि लक्षणों को पहचान लिया जाए तो समय पर उपचार मिल सकता है।
यदि बिना एक्सरसाइज या मेहनत किए बगैर सामान्य से ज्यादा पसीना आए तो यह हृदयाघात का लक्षण हो सकता है। रक्त की पम्पिंग करते समय हृदय को जब ज्यादा प्रयास करना पड़ता है तो जरूरत से ज्यादा पसीना आता है। हृदयाघात के समय शरीर के ऊपरी हिस्से, छाती में बेचैनी या दर्द हो सकता है।
एक या दोनों बांहों, गर्दन, जबड़ों या पेट में बेचैनी, दर्द हो तो लापरवाही किए बिना तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।
यदि मरीज को ज्यादातर समय थकान महसूस होती है या सीढिय़ां चढ़ने व थोड़ा वजन उठाते ही वह थक जाता है तो इसका मतलब है कि हृदय शरीर की जरूरत के अनुसार पम्पिंग नहीं कर रहा है। ऐसी स्थिति में देर किए बगैर विशेषज्ञ से संपर्क करें।
बार-बार भ्रमित होना व उच्चारण दोष भी हृदयघात की ओर इशारा हो सकता है।
Published on:
04 Apr 2019 03:54 pm
बड़ी खबरें
View Allरोग और उपचार
स्वास्थ्य
ट्रेंडिंग
लाइफस्टाइल
