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GST काउंसिल की अहम बैठक आज, छोटे और मझोले व्यापारियों को मिल सकती है बड़ी राहत

जीएसटी काउंसिल की एक विशेष बैठक 04 अगस्त 2018 को होने जा रही है। इस बैठक में एमएसएमई सेक्टर से जुड़े कारोबारियों के लिए बड़ी राहत की घोषणा हो सकती है।
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नई दिल्ली

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Manoj Kumar

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Updated: 4 Aug 2018, 9:18 AM IST

gst

Return filing still an issue

नई दिल्ली। वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) काउंसिल की एक महत्वपूर्ण बैठक आज यानी शनिवार 04 अगस्त 2018 को होने जा रही है। इस बैठक में छोटे और मझोले कारोबारियों से जुड़े मुद्दों पर विशेष चर्चा होगी। संभावना जताई जा रही है कि बैठक में इन कारोबारियों को बड़ी राहत से जुड़े कई एेलान हो सकते है। साथ ही एमएसएमई सेक्टर को बूस्टर पैकेज भी दिया जा सकता है। इसके अलावा इस अहम बैठक में डिजिटल ट्रांजेक्शन और ई-पैमेंट पर कैशबैक देने की स्कीम पर भी मुहर भी लग सकती है।

एमएसएमई को मिल सकती हैं यह राहत

खबरों के अनुसार एमएसएमई को राहत देने के लिए राज्यों से करीब 100 से ज्यादा सिफारिशें आई हैं। इनमें इंटर स्टेट कारोबार पर छूट, एमएसएमई के भुगतान के एक हिस्से का रिफंड, रिफंड की प्रक्रिया सरल बनाने, देश में कहीं भी जीएसटी रजिस्ट्रेशन की सुविधा देने, सिंगल जीएसटी आईडी से पूरे देश में कारोबार करने की सुविधा देने, टर्नओवर की सीमा बढ़ाने, तिमाही रिटर्न पर हर माह टैक्स भरने से राहत अपील की फीस आधी करने जैसी सिफारिशें शामिल हैं। खबरों में कहा गया है कि इस बैठक में इन सिफारिशों पर बड़ा फैसला लिया जा सकता है।

एक देश, एक टैक्स पर काम शुरू

एक देश, एक कर की अवधारणा पर लाए गए जीएसटी को लेकर केंद्र सरकार ने अब इस दिशा में काम शुरू कर दिया है। एक तरफ सरकार 28 फीसदी के स्लैब को खत्म करने पर विचार कर रही है, दूसरी ओर 12 और 18 फीसदी के स्लैब को एक करने पर विचार किया जा रहा है। खबरों के अनुसार जीएसटी की फिटमेंट कमेटी के प्रमुख और बिहार के वित्त मंत्री सुशील मोदी का कहना है कि 12 और 18 फीसदी के स्लैब को खत्म कर 14 फीसदी का किया जा सकता है। इसको लेकर राज्यों से बातचीत चल रही है। सुशील मोदी का कहना है कि टैक्स स्लैब में बदलाव से टैक्स कलेक्शन पर ज्यादा असर नहीं पड़ेगा क्योंकि टैक्स कम होने से कारोबार बढ़ेगा और टैक्स कलेक्शन में भी बढ़ोत्तरी होगी।