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भारत बना अमरीका का दुश्मन, युद्घ में चीन का देगा साथ

चीन ने अमरीका के ट्रेड वाॅर के खिलाफ भारत समेत कर्इ देशों का समर्थन जुटाने का दावा किया है।

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Saurabh Sharma

Jul 24, 2018

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भारत बना अमरीका का दुश्मन, युद्घ में चीन का देगा साथ

नर्इ दिल्ली। अमरीका आैर चीन के बीच रहे ट्रेड में भारत किसका साथ देगा अभी तक यह स्थिति स्पष्ट नहीं थी, लेकिन चीनी वित्त मंत्रायल के एक बयान ने इस बात को स्पष्ट कर दिया है कि भारत इस ट्रेड वाॅर में किस महाशक्ति का साथ देने वाला है। चौंकाने वाली बात जरूर है, लेकिन इस ट्रेड वाॅर में भारत अमरीका नहीं चीन का साथ देने वाला है। आइए आपको भी बताते हैं कि चीनी वित्त मंत्रालय की आेर से क्या गया है…

चीन ने जुटाया भारत समेत कर्इ देशों का समर्थन
चीन ने अमरीका के ट्रेड वाॅर के खिलाफ भारत समेत कर्इ देशों का समर्थन जुटाने का दावा किया है। जिसमें ब्राजील, रूस, भारत और दक्षिण अफ्रीका जैसे देश शामिल हैं। चीन ने इन सभी देशों से अमरीका के ट्रेड वॉर के खिलाफ एकजुट होकर मुकाबला करने का आह्वान किया है। चीन के वित्त मंत्रालय ने ब्यूनस आयर्स में जी 20 वित्त मंत्रियों के सम्मेलन के बाद अपने वेबसाइट पर पोस्ट एक बयान में इस बात की जानकारी दी है। आपको बता दें कि यह सभी देश विश्व पटल पर बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुके हैं। अगर भारत की बात करें तो वो हाल ही में विश्व की छठी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बना है। चीन को भारत का साथ मिलना अमरीका के लिए बड़ा खतरा है।

चीन ने किया वैश्विक संरक्षणवाद का विरोध
चीन के वित्त मंत्री ल्यूकुन ने ब्रिक्स देशों के वित्त मंत्रियों और सेंट्रल बैंकर्स की बैठक में कहा कि ब्रिक्स देशों को आर्थिक वैश्वीकरण का समर्थन और संरक्षणवाद के कदमों का विरोध करना चाहिए। बैठक में कहा गया कि वैश्विक अर्थव्यवस्था इस समय अनिश्चितता और अस्थिरता की तरफ बढ़ रही है। कुन ने वहां उपस्थित वित्त मंत्रियों से जिम्मेदार आर्थिक नीतियों को बढ़ावा देने का आग्रह किया।

ट्रंप ने दी थी टैरिफ लगाने की धमकी
बता दें कि यह बयान ट्रंप के उस बयान के बाद आया है जिसमें अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा था कि वह चीन पर 500 अरब डॉलर के टैरिफ लगाने के लिए तैयार हैं। ट्रंप ने आरोप लगाया कि चीन और यूरोपीय यूनियन व्यापार लाभ के लिए अपने करंसीज को कमजोर कर रहे हैं। वैश्विक अर्थव्यवस्था में इस समय ट्रेड वॉर की स्थिति है। बता दें कि इस महीने के अंत में दक्षिण अफ्रीका ब्रिक्स देशों की बैठक होनी है।