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ट्रेड वाॅर के बीच अमरीका ने भारत को दी बड़ी राहत, इन प्रोडक्ट्स के निर्यात पर देगा विशेष छूट

अब नाटो, आॅस्ट्रेलिया, जापान आैर दक्षिण काेरिया के साथ भारत को भी ये खास छूट मिल गर्इ है। इसके बारे में यूएस काॅर्मर्स सेक्रेटरी विल्बर रोस ने सोमवार को जानकारी दी।

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ट्रेड वाॅर के बीच अमरीका ने भारत को दी बड़ी राहत, इन प्रोडक्ट्स के निर्यात पर देगा विशेष छूट

नर्इ दिल्ली।ट्रेड वाॅर के बीच अमरीका ने अब भारत को एक बड़ी राहत दी है। दरअसल अमरीका ने भारत काे निर्यात होने वाले हार्इ टेक्नोलाॅजी प्रोडक्ट्स के नियमों में कुछ ढील दी है। अब नाटो, आॅस्ट्रेलिया, जापान आैर दक्षिण काेरिया के साथ भारत को भी ये खास छूट मिल गर्इ है। इसके बारे में यूएस काॅर्मर्स सेक्रेटरी विल्बर रोस ने सोमवार को जानकारी दी। यूएस चैम्बर आॅफ काॅमर्स के एक इवेंट में बात करते हुए रोस ने कहा कि भारत को स्ट्रैटेजिक ट्रेड आॅथोराइजेशन स्टेटस (STA1) देना ये दर्शाता है कि हम भारत को निर्यात को लेकर माैजूदा स्थिति बेहतर करना तो चाहते ही हैं बल्कि साथ ही डिफेंस पार्टनर के तौर पर भी दोनों देशों का रिश्ता आैर प्रगाढ़ करने पर जोर दे रहे हैं।

भारत आैर अमरीका विश्वसनीय डिफेंस पार्टनर
इस कार्यक्रम में बात करते हुए रोस ने कहा कि STA1 स्टेटस देने से भारत के डिफेंस से लेकर दूसरे हार्इटेक प्रोडक्ट्स की सप्लार्इ चेन की क्षमता बढ़ेगी। इसी मौके पर भारतीय दूत नवतेज सारना ने कहा कि, अमरीका का ये कदम तार्किक है क्योंकि साल 2016 में ही अमरीका ने भारत को अपने विश्वसनीय डिफेंस पार्टनर के तौर पर चिन्हित किया था। सारना ने आगे कहा कि ये दोनों देशों के संबंध को लेकर सिर्फ विश्वास का ही नहीं बल्कि भारत की क्षमता आैर अर्थव्यवस्था पर भरोसे का संकेत है। ये बात सभी को अच्छी तरह से पता है कि भारत के पास बहुपक्षीय निर्यात नियंत्रण व्यवस्था है जिससे भारत सेंसिटीव डिफेंस तकनीक को भी ट्रांसफर करने में सक्षम है।


दोनों देशों की ही चीन पर है नजर
गौरतलब है कि भारत आैर अमरीका के बीचे बीते कुछ सालों में राजनितीक आैर सैनिक संबंध पहले से बेहतर हुए हैं। हालांकि 2017 में डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद दोनो देशों में व्यापार को लेकर कुछ असहमतियां भी देखने को मिली है। रोस के तरफ से इस घोषणा की अहमियत इसलिए भी बढ़ जाती है क्योंकि सितंबर माह में ही दोनों देशाें के बीच उच्च स्तरीय बैठक होने वाली है। 6 सितंबर को होने वाली इस बैठक में अमरीकी सचिव माइक पाॅम्प्यो आैर डिफेंस सचिव जिम मैटिस भी हिस्सा लेंगे। भारत आैर अमरीका के बीच एक बात जो काॅमन है वो ये कि दोनों देश चीन के बढ़ती अर्थव्यवस्था अौर मिलिट्री गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। वहीं हथियारों की सप्लार्इ की बात करें तो फिलहाल अमरीका ही भारत को इनका सबसे बड़ा निर्यातक है। पिछले एक दशक में अमरीका ने भारत को करीब 15 अरब डाॅलर के हथियार निर्यात किए हैं।