28 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

9 महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंची थोक महंगाई दर, खाद्य वस्तुओं में नरमी

फरवरी 2020 के बाद देश में थोक महंगाई दर 1.55 फीसदी के साथ सबसे ज्यादा पिछले वर्ष नवंबर के महीने में थोक महंगाई दर का आंकड़ा 0.58 फीसदी देखने को मिली थी

less than 1 minute read
Google source verification

image

Saurabh Sharma

Dec 14, 2020

Wholesale inflation reaches 9-month high, Food items soften

Wholesale inflation reaches 9-month high, Food items soften

नई दिल्ली। देश के आम लोगों को बड़ा झटका मिला है। वास्तव में नवंबर के महीने में देश की थोक महंगाई दर फरवरी 2020 के बाद अपने उच्चतम स्तर पर पहुंच गई है। वहीं खाद्य वस्तुओं की महंगाई में कमी देखने को मिली है। वहीं दूसरी ओर मैन्युफैक्चरिंग प्रोडक्ट्स की कीमत में तेजी देखने को मिली है। आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर थोक महंगाई के किस तरह के आंकड़े देखने को मिले हैं।

यह भी पढ़ेंः-एलन मस्क ने इन दो कारों का प्रोडक्शन अचानक किया बंद, कई लोगों को नौकरी से निकाला, जानें क्यों

9 महीने के उच्चतम स्तर पर थोक महंगाई
बाजार में आवक सख्त रहने और मांग बढऩे के कारण नवंबर 2020 में थोक महंगाई दर 1.55 फीसदी पर दर्ज की गई है, जबकि इससे पिछले वर्ष के इसी माह में यह आंकड़ा 0.58 फीसदी था। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार अक्टूबर 2020 में थोक मुद्रास्फीति की दर 1.48 फीसदी थी। चालू वित्त वर्ष में कोरोना महामारी के कारण खुदरा बाजार में मांग कम रही और अप्रैल से नवंबर 2020 तक अवधि में थोक मुद्रास्फीति की दर 0.28 फीसदी नकारात्मक रही है।इससे पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में यह आंकडा 1.40 प्रतिशत रहा था।

यह भी पढ़ेंः-यूएस कोर्ट में पेटेंट मुकदमा सुलझने से इस भारतीय कंपनी को हुआ 3000 करोड़ का फायदा

खाद्य वस्तुओं की थोक महंगाई
आंकड़ों के अनुसार नवंबर 2020 में खाद्य वस्तुओं की थोक मुद्रास्फीति की दर 4.27 फीसदी हो गई है। अक्टूबर 2020 में यह 5.78 फीसदी थी। आलोच्य माह में प्राथमिक वस्तुओं की थोक मुद्रास्फीति की दर 2.72 फीसदी और विनिर्मित उत्पादों की दर 2.97 फीसदी दर्ज की गई है। इसी माह में ईंधन एवं बिजली की दर 9.87 फीसदी नकारात्मक रही है।