फैशन

मिलिए एक ऐसी डिजाइनर जो सस्टेनेबल फैशन, बायो-डिग्रेडेबल फैब्रिक्स पर भरोसा करती है

World Earth Day 2023, Eco-Fashion: हमारे देश में कुछ ऐसे फैशन डिजाइनर्स है जिन्होंने ये साबित किया है की सस्टेनेबल फैशन (eco or sustainable fashion ) न केवल संभव है बल्कि सुंदर,स्टाइलिश और फैशनेबल भी है। वर्ल्ड अर्थ डे के मौके पर इस आर्टिकल में ऐसे ही एक पॉपुलर फैशन डिज़ाइनर के बारे में जानते है।

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World Earth Day 2023: Anita Dongre's commitment to sustainability, an example for the fashion industry

World Earth Day 2023, Eco-fashion: वर्ल्ड अर्थ डे एक एनुअल सेलिब्रेशन है जो हर साल अप्रैल 22 को मनाया जाता है। इस सेलिब्रेशन का उद्देश्य हमारे प्लेनेट और यहां के एनवायरनमेंट की सुरक्षा और देखरेख के लिए जागरूकता फैलाना और प्लेनेट को ग्रीन बनाने के लिए सभी को एकजुट होना है। हम में से कई लोग इस प्लेनेट को बेहतर बनाने के लिए अपना सहयोग देते है। कुछ एनवायरनमेंट फ्रेंडली फैशन डिजाइनर्स भी प्लेनेट को ग्रीन बनाये रखने में अपना योगदान देते है। ऐसी ही एक पॉपुलर फैशन डिजाइनर है अनीता डोंगरे (Anita Dongre) जो सस्टेनेबल फैशन के लिए जानी जाती हैं। वह पिछले दो दशक से अधिक समय से अपने ब्रांड के द्वारा सस्टेनेबल फैशन को प्रमोट कर रहीं है। अनीता डोंगरे अपने फैशन कलेक्शन में नेचुरल और आर्गेनिक मैटेरियल्स का इस्तेमाल करती हैं। इनमें हाथ से बने फैब्रिक, आर्गेनिक कॉटन के अलावा रिसाइकल्ड मटेरियल शामिल हैं।


Invests in eco-friendly practices: अपने हर कलेशन के साथ अनीता डोंगरे इस बात को सुनिश्चित करती हैं की पानी, इलेक्ट्रिसिटी वेस्ट नहीं हो। जहाँ तक हो सके उनका ब्रांड कम से कम पानी इस्तेमाल करता है और इलेक्ट्रिसिटी के लिए सोलर पावर यूज करता है। इतना ही नहीं अनीता डोंगरे रूरल कम्युनिटीज और लोकल आर्टिसन्स के साथ भी काम करती है। ऐसा करके वे न सिर्फ ट्रेडिशनल क्राफ्ट्स और टेक्निक्स को जिन्दा रखती हैं बल्कि उन आर्टिसन्स को जीविका कमाने के लिए भी मदद करती हैं।


Promotes green fashion:
अनीता डोंगरे का ब्रांड अपने कलेक्शन के लिए फ़ैब्रिक उन्ही कंपनियों से सोर्स करते हैं जिनके फैब्रिक बायो-डिग्रेडेबल हैं और रिन्यूएबल रिसोर्सेज से आते हैं।


Eco-friendly fashion
: अनीता डोंगरे फाउंडेशन 'गूंज' और 'नेपरा' जैसे संगठनों के सहयोग से रूरल महिलाओं को निरंतर रोजगार प्रदान करने में मदद करता है। ये महिलाएं कपड़ों के बनने की प्रक्रिया में बचे हुए कपड़े के कचरे को कैरी बैग, रियूजेबल मास्क आदि बनाने में मदद करती हैं। उन्हें बाद में लोकल मार्केट में बेचा जाता है जिससे लोगों और जानवरों की सहायता के हो सके।
(Photos : Instagram)


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Updated on:
20 Apr 2023 04:22 pm
Published on:
20 Apr 2023 04:19 pm
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