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चायवाले को पीतल का भगोना भेंट कर अखिलेश का तंज- मेरे पास भी एल्युमिनियम के बर्तन, मेरा घर भी सील होगा?

Fatehpur News: फतेहपुर में चाय की दुकान पर फूड सेफ्टी विभाग की छापेमारी के बाद मामला सियासी रंग लेता नजर आ रहा है। एल्युमिनियम बर्तनों में चाय बनाने को लेकर शुरू हुआ विवाद अब लखनऊ तक पहुंच गया है।

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चायवाले को पीतल का भगोना भेंट कर अखिलेश का तंज | Image - X/@yadavakhilesh

Chai Shop Akhilesh Yadav: फतेहपुर जिले में एक चाय की दुकान पर फूड सेफ्टी विभाग की छापेमारी ने बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। विभाग ने दुकान से चाय के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे थे, जिसके बाद मामला सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया।

अखिलेश यादव ने चायवाले को बुलाया लखनऊ

विवाद बढ़ने के बाद समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने संबंधित चायवाले को लखनऊ स्थित पार्टी कार्यालय बुलाया। उन्होंने पीतल का भगोना भेंट करते हुए कहा कि अगर एल्युमिनियम बर्तनों को लेकर कार्रवाई करनी है तो उनके घर में भी ऐसे बर्तन हैं, उन्हें भी सील कर दिया जाए।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार पर आरोप

लखनऊ में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में अखिलेश यादव ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि चायवाले को परेशान किया जा रहा है और एक समुदाय विशेष के नेता को आगे करके विवाद खड़ा किया गया ताकि केस बनाया जा सके। उन्होंने इसे राजनीतिक साजिश बताया।

महिला आरक्षण और परिसीमन बिल पर हमला

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अखिलेश यादव ने महिला आरक्षण और परिसीमन बिल को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इन कानूनों के माध्यम से जनता का ध्यान असली मुद्दों से भटकाना चाहती है और सत्ता बचाने की राजनीति कर रही है।

चायवाले की दुकान पर पहले भी पहुंचे थे अखिलेश

यह वही चायवाला है जिसकी दुकान पर इस साल 20 फरवरी को खुद अखिलेश यादव चाय पीने पहुंचे थे। उस समय उन्होंने चाय की तारीफ की थी और दुकान काफी चर्चा में आ गई थी। बाद में सोशल मीडिया पर भी उनकी तस्वीरें वायरल हुई थीं।

चायवाले का आरोप: परेशान किया जा रहा है

दुकान मालिक का कहना है कि छापेमारी के बाद उन्हें अनावश्यक रूप से परेशान किया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या अब चाय भी सोने-चांदी के बर्तनों में बनानी पड़ेगी। उनका आरोप है कि राजनीतिक दौरे के बाद से ही दबाव बढ़ा है।

फूड सेफ्टी विभाग का पक्ष

फूड सेफ्टी विभाग के अनुसार, यह कार्रवाई एक ऑनलाइन शिकायत के आधार पर की गई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि चाय बनाने में मानकों का पालन नहीं हो रहा है। सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं और रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई तय होगी।

जांच रिपोर्ट पर टिकी निगाहें

अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा। अगर मानक पूरे नहीं पाए गए तो दुकान को सील भी किया जा सकता है। फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है।