बिहारशरीफ। भारतीय मूल के निवासी व लाओस के राजदूत रविशंकर अईसोला ने अपनी पत्नी प्रीति अईसोला के साथ नालंदा के विभिन्न ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण किया। सुबह वे गया से सीधे पावापुरी पहुंचे और जल मंदिर का भ्रमण किया। उसके बाद राजगीर के घोड़ा कटोरा पहुंचे।
उन्होंने कहा कि नलांदा का जितना नाम सुना था उससे बहुत बेहतर है। यहां के कण-कण में इतिहास बसा है। बाद में वे नालंदा खंडहर पहुंचे और ऐतिहासिक धरोहरों का अवलोकन किया। कहा कि मैं इतिहास का छात्र हूं। मुझे इतिहास से लगाव रहा है। आज मैं यहां की धरोहरों को करीब से देखने व जानने की लालसा लेकर आया हूं। उन्होंने कहा कि नलांदा खंडहर को विश्व धरोहर में पहले ही शामिल होना चाहिए था।