
IMD Alert: (Photo - IANS)
Monsoon: देश के ज्यादातर हिस्सों में मॉनसून की बारिश शुरू हो चुकी है, लेकिन दिल्ली में अभी मॉनसून का इंतजार है। हालांकि मौसम विभाग ने पहले 24 जून को दिल्ली में मॉनसून की एंट्री होने की भविष्यवाणी की थी, लेकिन ये भविष्यवाणी गलत निकली। इस बीच दिल्ली में बढ़ते पारे ने लोगों को हाल-बेहाल कर दिया है। इस बीच मौसम विशेषज्ञों ने बताया कि मौजूदा समय में मौसमी परिस्थितियां दक्षिण-पश्चिम मानसून उत्तर पश्चिमी हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए पूरी तरह अनुकूल हैं। इससे आने वाले दिनों में उत्तर प्रदेश समेत दिल्ली-एनसीआर तक बारिश की गतिविधियों में तेजी आएगी। इस दौरान कहीं-कहीं भारी बारिश की भी आशंका है।
दरअसल, दिल्ली में पिछले तीन दिनों से काले और घने बादलों की लुकाछिपी का खेल चल रहा है, लेकिन बारिश का दूर-दूर तक कहीं नाम नहीं है। जबकि यूपी, राजस्थान, हरियाणा और पंजाब समेत अन्य राज्यों में मॉनसून की झमाझम बारिश हो रही है। इसपर दिल्ली के मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि राष्ट्रीय राजधानी के आसमान में संवहनीय गतिविधि (Convective Activity) यानी बारिश का माहौल तैयार करने में बादल कमजोर पड़ रहे हैं। इसके पीछे दिल्ली की भौगोलिक स्थिति और हवाओं का खेल माना जा रहा है।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि दिल्ली एक लैंडलॉक्ड है। यानी दिल्ली का समुद्र या महासागर से सीधा कनेक्शन दूर-दूर तक नहीं है। ऐसे में इसके ऊपर चक्रवाती हवाएं (Cyclonic Circulation) तो उत्तर-पश्चिम से आ रही हैं, लेकिन वो बारिश को बारिश का माहौल नहीं बनाने दे रहीं। ऐसे में बादल बरसने के बजाय सिर्फ मंडरा रहे हैं। अब मौसम वैज्ञानिकों ने ताजे पूर्वानुमान में 27 जून तक दिल्ली में मॉनसून की एंट्री की बात कही है।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि दिल्ली में मॉनसून पहुंचने के पीछे देरी के लिए भी दिल्ली का जलवायु परिवर्तन और वैश्विक मौसमी पैटर्न का असर जिम्मेदार है। दिल्ली में ग्रीनहाउस गैसों की बढ़ती मात्रा और मानवजनित एरोसोल यानी जीवाश्म ईंधन के दहन, औद्योगिक प्रक्रियाओं और कृषि गतिविधियों से उत्पन्न होने वाले कणों में कमी ने मौसम के चक्र को खिसका दिया है। ऐसे में ग्लोबल वार्मिंग के चलते वायुमंडल की नमी सोखने की क्षमता बढ़ गई है। जिससे मौसमी घटनाएं तो हो रही हैं, लेकिन दिल्ली जैसे कुछ क्षेत्रों में मॉनसून की गति धीमी हो गई।
अब मौसम विभाग के लेटेस्ट पूर्वानुमान पर गौर करें तो 27 जून को दिल्ली-एनसीआर समेत पूरे उत्तर प्रदेश मॉनसून की झमाझम बारिश होने की संभावना है। वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डॉ. एसएन सुनील पांडेय के अनुसा, यूपी समेत पश्चिमी की ओर दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने अपनी रफ्तार बढ़ा दी है। अगले 24 घंटों के अंदर दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के दिल्ली, नोएडा और गाजियाबाद समेत पूरे यूपी को अपनी चपेट में ले लेने की संभावना है।
26 जून को पश्चिमी यूपी में अनेक स्थान पर और पूर्वी यूपी में कुछ स्थानों पर बारिश और गरज चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। इस दौरान दोनों हिस्सों में कहीं-कहीं पर बादल गरजने व बिजली चमकने की संभावना है। साथ ही पश्चिमी यूपी में कहीं-कहीं पर भारी बारिश होने की संभावना है।
मौसम विभाग की मानें तो गुरुवार को सहारनपुर, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, ललितपुर और उसके आसपास के इलाकों में भारी बारिश होने की संभावना है। साथ ही आजमगढ़, मऊ, बलिया, देवरिया, कुशीनगर, सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, बागपत, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़, गौतमबुद्ध नगर और बुलंदशहर में बादल गरजने व बिजली चमकने की संभावना है। कौशाम्बी, प्रयागराज, फतेहपुर, प्रतापगढ़, सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी, संत रवि दास नगर, जौनपुर, गाजीपुर, अलीगढ़, मथुरा में भी बादल गरजने व बिजली चमकने के आसार जताए गए हैं।
Updated on:
27 Jun 2025 10:59 am
Published on:
26 Jun 2025 06:54 pm
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