3 नवंबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

UP जियो ने इन्वेस्ट करने का ऐलान कर किया था खुश तो इस कंपनी ने कारोबार समेट कर दिया झटका

लाखों उपभोक्ता हो गए हैं परेशान, अचानक से बंद हुआ नेटवर्क
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

गोरखपुर

•

image

Dheerendra Vikramadittya

•

Updated: 24 Mar 2018, 8:37 PM IST

गोरखपुर। एक तरफ इंन्वेस्टर्स समिट में रिलायंस जियो यूपी में गांव-गांव पांव पसारने का वादा कर रहा तो दूसरी तरफ पूर्वांचल के गोरखपुर से करीब आधा दर्जन संचार कंपनियों ने अपना कारोबार समेट लिय है। एमटीएस, आरकाम, टाटा इंडिकाम के बाद एयरसेल ने भी गोरखपुर क्षेत्र से कारोबार समेट लिया है। सबसे अधिक दिक्कत एयरसेल के उपभोक्ताओं को है। हजारों उपभोक्ता अचानक से संचार सेवा बंद होने से परेशान हैं। एक लाख से अधिक उपभोक्ता एयरसेल के थे।
हालांकि, अच्छी बात यह है कि कुछ निजी संचार कंपनियां इन उपभोक्ताओं को अपने नेटवर्क से जुड़ने के लिए तमाम सुविधा देकर उनको लुभा भी रही हैं।
गोरखपुर मंडल में एयरसेल के एक लाख से अधिक उपभोक्ता थे। अचानक से कंपनी ने अपना करोबार समेटने का ऐलान कर दिया। कारोबार समेटने के ऐलान के बाद दस दिन पहले कंपनी के सभी टाॅवर भी बंद हो गए। नेटवर्क बंद होते ही उपभोक्ता परेशान हो उठे। सबसे अधिक परेशानी उन उपभोक्ताओं को है जिन्होंने अपना ये नंबर किसी जरूरी कार्य या नौकरी आदि के आवेदन में दर्ज कराया है।
सब अपने लोकल डिस्ट्रिब्यूटर से संपर्क करने लगे। लेकिन अचानक से सेवा बंद होने के बाद कोई माकूल जवाब नहीं दे पा रहा। इस नेटवर्क से जुड़कर व्यवसाय करने वाले भी खासे परेशान हैं। उनको भी हजारों-लाखों में नुकसान उठाना पड़ा है।
हालांकि, उपभोक्ताओं को लुभाने के लिए कई अन्य निजी कंपनियों ने आॅफर देना शुरू कर दिया है। उपभोक्ता भी किसी तरह अपना नंबर शुरू कराने की जुगाड़ में है।

मंडल में सौ से अधिक लोग एयरसेल से व्यवसायिक लाभ पा रहे थे

मंडल के सभी जिलों में एयरसेल का नेटवर्क था। इस कंपनी के ई-टाॅप, रिचार्ज व सिम बेचने के व्यवसाय से सौ से अधिक व्यवसायी सीधे तौर पर जुड़े थे। इनसे जुड़े छोटे-छोटे तमाम व्यवसायी थे। ये लोग रिचार्ज आदि का काम ? करने का रोजगार करते थे। अचानक से इस नेटवर्क के बंद होने से इनको भी नुकसान उठाना पड़ेगा।