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Indian railway : गोरखपुर लखनऊ के बीच 130 km/hr की स्पीड से भागेगी ट्रेन, जानिए कैसे होगा संभव

निर्बाध ट्रेन संचालन को लेकर रेलवे प्रशासन ने सेफ्टी फेंसिंग लगाने की योजना बनाई है। लखनऊ ही नहीं वाराणसी और इज्जतनगर मंडल में सेफ्टी फेंसिंग लगाई जाएगी। तीनों मंडलों में अभी तक चिह्नित 162 किमी में 135 किमी रेललाइन के किनारे सेफ्टी फेंसिंग लगा दी गई है।

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Aug 27, 2023
Indian railway : गोरखपुर लखनऊ के बीच 130 km/hr की स्पीड से भागेगी ट्रेन, जानिए कैसे होगा संभव

Indian railway : गोरखपुर-लखनऊ के बीच फुल स्पीड से दौड़ेंगी सेमी हाई स्पीड ट्रेनें, जानिये कैसे होगा संभव

GorakhpurNews : गोरखपुर से लखनऊ के बीच जल्द ही सेमी हाई स्पीड ट्रेनें 130 किमी प्रति घंटे की स्पीड से दौड़ेंगी। इस टारगेट को पूरा करने के लिए गोरखपुर से लखनऊ तक लगभग 275 किमी रेल लाइन के किनारे 220 करोड़ रुपये की लागत से सेफ्टी फेंसिंग (स्टील की दीवार) लगाई जाएगी।

बजट स्वीकृत , टेंडर प्रक्रिया शुरू

पूर्वोत्तर रेलवे के प्रस्ताव पर बोर्ड ने एक्सप्रेस वे की तरफ स्टील की सेफ्टी फेंसिंग लगाने की संस्तुति प्रदान करने के साथ बजट भी अवमुक्त कर दिया है। लखनऊ मंडल प्रशासन ने निर्माण कार्य शुरू करने के लिए टेंडर की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

सेफ्टी फेंसिंग लगने से ट्रैक पर नहीं आयेगी कोई बाधा

रेल लाइनों के किनारे सेफ्टी फेंसिंग लग जाने से मानव और पशुओं की आवाजाही पर पूरी तरह रोक लग जाएगी। रेलवे की भूमि पर अनावश्यक अतिक्रमण पर भी लगाम लगेगी। वंदे भारत सहित अन्य सभी प्रमुख ट्रेनें अधिकतम 130 किमी प्रति घंटे की गति से चलने लगेंगी। जानकारों के अनुसार गोरखपुर-लखनऊ रेलमार्ग को 160 किमी प्रति घंटे की गति से चलने वाली ट्रेनों के लायक तैयार किया जा रहा है। आने वाले दिनों में गोरखपुर-लखनऊ रेलमार्ग पर हाईस्पीड की ट्रेनें ही संचालित होंगी। ऐसे में निर्बाध ट्रेन संचालन को लेकर रेलवे प्रशासन ने सेफ्टी फेंसिंग लगाने की योजना बनाई है। लखनऊ ही नहीं वाराणसी और इज्जतनगर मंडल में सेफ्टी फेंसिंग लगाई जाएगी। तीनों मंडलों में अभी तक चिह्नित 162 किमी में 135 किमी रेललाइन के किनारे सेफ्टी फेंसिंग लगा दी गई है।

CPRO

पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने कहा कि 130 किमी प्रति घंटा की रफ्तार के लिए आवश्यक सेफ्टी फेंसिंग का कार्य स्वीकृत हो चुका है। टेंडर की प्रक्रिया भी आरंभ हो गई है। इस कार्य के लिए लखनऊ मण्डल के अन्तर्गत लगभग 220 करोड़ रुपये के कार्य स्वीकृत किए गए हैं। इस कार्य से ट्रेनों की गति बढ़ेगी। दुर्घटनाओं पर अंकुश लगने से ट्रेनों का समय पालन दुरुस्त होगा। अभी ऐसी सुविधा न होने से वंदे भारत जैसी ट्रेनें भी 160 km/hr की जगह 110 km/hr स्पीड से ही चल रहीं।

Published on:
27 Aug 2023 08:16 am
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