इजराइल: स्कूली छात्रों ने तैयार की सैटेलाइट, ISRO के श्रीहरिकोटा से इस तरीख को होगी लॉन्च

  • सैटेलाइट 'डुशिफा 3' का ISRO के श्रीहरिकोटा प्रक्षेपण केंद्र से प्रक्षेपण
  • सोमवार शाम को तीनों छात्र भारत के लिए होंगे रवाना

By: Shweta Singh

Updated: 09 Dec 2019, 11:45 AM IST

येरुशलम। विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भारत नए-नए झंडे गाड़ रहा है। आलम यह है कि दुनिया के अन्य देश भी इन क्षेत्रों में आगे बढ़ने के लिए भारत का साथ चाहते हैं। अब इजराइल को ही देख लीजिए। दरअसल, इजरायली स्कूल के तीन छात्र उपग्रह (सैटेलाइट) 'डुशिफा 3' का ISRO के श्रीहरिकोटा प्रक्षेपण केंद्र से प्रक्षेपण के लिए भारत आ रहे हैं।

11 दिसंबर को लॉन्च किया जाएगा उपग्रह

स्कूली छात्रों ने यह उपग्रह खुद तैयार किया है। इसके प्रक्षेपण के लिए तीनों छात्र अगले हफ्ते भारत आएंगे। इस उपग्रह को PSLV C-48 रॉकेट की मदद से लॉन्च किया जाएगा। तीन छात्र दक्षिणी इजरायल के शआर हानेगेव हाई स्कूल के छात्र हैं। इन सभी की उम्र 17-18 साल के बीच है जिनका नाम एलोन एब्रामोविक, मेताव एसुलिन और श्म्यूल अवीवी लेवी है। जानकारी के मुताबिक, तीनों सोमवार शाम को भारत के लिये रवाना होंगे। श्री हरि कोटा से 11 दिसंबर को उपग्रह का प्रक्षेपण किया जाएगा।

ढाई साल की मेहनत के बाद तैयार हुआ है 'डुशिफा-3'

बताया जा रहा है कि 'डुशिफा-3' छात्रों का बनाया हुआ तीसरा उपग्रह है। हर्जलिया साइंस सेंटर और शार हनेगेव हाई स्कूल के छात्रों ने मिलकर इस बनाया है। इस उपग्रह को देशभर के बच्चों को 'पृथ्वी से अवगत' कराने के लिए तैयार किया गया है। इस प्रोजेक्ट में आईसीए फाउंडेशन ने भी मदद की थी। उनके प्रमुख जीव मिलर ने बताया, 'यह एक फोटे सैटलाइट है। ऐसे सैटेलाइट का उपयोग अंतरिक्ष से पृथ्वी के पारिस्थितिकी शोध करने में किया जाता है।' उन्होंने आगे बताया कि इस उपग्रह का आकार 10x10x30 सेमी (3यू) और वजन 2.3 किलोग्राम है। ढाई साल की मेहनत के बाद छात्रों ने इसे बनाया था। मिलर ने कहा कि इस उपग्रह से कृषकों को काफी मदद होगी।

Show More
Shweta Singh Content
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned