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असम में ‘लादेन’ का आतंक बरकरार, लेता जा रहा है लोगों की जान

असम के ग्वालपाड़ा में 'लादेन' नाम सुनकर लोग आज भी डर जाते हैं क्योंकि...
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गुवाहाटी

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Prateek Saini

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Updated: 30 Oct 2019, 8:02 PM IST

असम में 'लादेन' का आतंक बरकरार, लेता जा रहा है लोगों की जान

असम में 'लादेन' का आतंक बरकरार, लेता जा रहा है लोगों की जान

(गुवाहाटी,राजीव कुमार): ओसामा बिन लादेन कब का मर गया है। पर असम में इस नाम का आतंक आज भी बरकरार है। लोग यह नाम सुनते ही डर जाते हैं। दरअसल असम के ग्वालपाड़ा जिले में एक हाथी ने इस कदर आतंक मचा रखा है कि लोगों ने उसका नाम कुख्यात आतंकी लादेन के नाम पर रख दिया है। स्थानीय लोगों के बीच लादेन नाम से प्रसिद्ध यह हाथी पिछले कुछ सालों में 50 से अधिक लोगों को मौत के घाट उतार चुका है।


पिछले दो दिनों में लादेन ने पांच लोगों को मार डाला है। और वह अब भी नियंत्रण में नहीं है। वन अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि मृतकों में तीन महिलाएं और एक नाबालिग शामिल है। अधिकारियों ने बताया कि उसने जिले के बटैतारी गांव में मंगलवार को 70 वर्षीय शख्स को कुचल दिया और एक बच्चे को घायल कर दिया। वहीं शांतिपुरनिगम में उसने 11 साल के बच्चे को कुचल दिया, जबकि पश्चिम मटिया, हिधाबाड़ी और हासोराबरी गांवों में तीन महिलाओं को कुचला।


मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल ने हमले में मारे गए लोगों के परिजन को चार-चार लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। साथ ही हाथी को ट्रैकुलाइज करने का निर्देश दिया है। स्थानीय लोगों ने ग्वालपाड़ा वन मंडल ने उच्चाधिकारियों से हाथी को पागल घोषित करने की मांग की है।


कोईनाकुची के जंगल में लादेन को दवाएं देकर शांत करने की कोशिश की जा रही है। हाथी विशेषज्ञ के.के शर्मा के अनुसार, लादेन को सबसे शक्तिशाली नर सदस्य के साथ झगड़े के बाद दो साल पहले उसके झुंड से निकाला गया था।

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