विकास वाल्मीकि निवासी अवाड़पुरा ने बताया भाई अरुण का गिरवाई निवासी युवती से इश्क है। दोनों एक बार घर से भाग चुके हैं। तब उन पर दबाव बनाकर हाजिर कराया था। युवती को पुलिस ने नारी निकेतन में भेजा था। वहां से उसे परिजन घर ले गए। 6 सितंबर को दोनों फिर भाग गए। दो दिन पहले उनकी लोकेशन रेलवे स्टेशन के पास पता चली थी। इसलिए युवती के परिजन उनके परिवार से दुश्मनी ठाने हैं। उन्हें शक है कि अरुण और उसकी प्रेमिका को फिर भगाने में माता पिता का हाथ है। इसलिए सोमवार को गिरवाई निवासी राजू, आकाश, संतोष, चुन्नू, रिंकू, संदीप, बृजेन्द्र और विष्णु उसका पता लगाने के लिए घर आए।