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उपायुक्त व स्वास्थ्य अधिकारियों का निरीक्षण सिर्फ दिवावे का, आयुक्त को फिर मिले 16 कर्मी अनुपस्थित

सहायक स्वास्थ्य अधिकारी को भेजा मूल पद पर, दो डब्ल्यूएचओ का नोटिस जारी

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उपायुक्त व स्वास्थ्य अधिकारियों का निरीक्षण सिर्फ दिवावे का, आयुक्त को फिर मिले 16 कर्मी अनुपस्थित

ग्वालियर। शहर में साफ सफाई के लिए हर दिन निरीक्षण करने वाले उपायुक्त सतपाल सिंह चौहान, डॉ अतिबल सिंह यादव, स्वास्थ्य अधिकारी किशोर चौहान, अजय ठाकुर व भीष्मकुमार पमनानी का दावा हर दिन फेल होता जा रहा है। क्योकि आयुक्त को हर निरीक्षण में कहीं गंदगी तो कहीं सफाईकर्मी अनुपस्थित मिल रहे हैं। मंगलवार को भी निगम आयुक्त हर्ष सिंह ने फूलबाग स्थित गोपाल मंदिर, चिडियाघर, बारादरी व जीवाजीगंज स्थित स्वर्णरेखा नदी का निरीक्षण किया, जहां 16 सफाईकर्मी अनुपस्थित मिले और नाले में गंदगी मिलने पर नाराजगी जताते कार्रवाई के लिए कहा।

ऐसे में सवाल यह उठाता है कि आखिर सालों से एक ही सीट पर जमे स्वास्थ्य विभाग के यह अधिकारी आखिरकर क्या कर रहे हैं, जब इनका कर्मचारियों पर ही कंट्रोल नहीं है तो इन पर इतनी कृपा क्यो। वहीं जानकारों का कहना है कि आयुक्त जल्द ही स्वास्थ्य विभाग में बड़ा बदलाव करने की तैयारी में लगे हुए हैं। निरीक्षण के दौरान उपायुक्त अमरसत्य गुप्ता, मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी वैभव श्रीवास्तव, नोडल अधिकारी पार्क महेन्द्र अग्रवाल, स्वास्थ्य अधिकारी भीष्म पमनानी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

आयुक्त ने इन पर की कार्रवाई

-प्रभारी सहायक स्वास्थ्य अधिकारी विक्रम सिंह तोमर को रहवासियों से स्वच्छता संवाद न करने व कार्य विवरण डायरी संधारित न करने पर मूलपद पर वापस भेजा गया।

-कार्य में लापरवाही बरतने पर प्रभारी जेडएचओ सेवाराम खरे का तीन दिन का वेतन काटने के लिए कहा।

-निरीक्षण में बिना सूचना के 16 सफाईकर्मी अनुपस्थित मिलने पर वार्ड हेल्थ ऑफिसर अनिल धौलकर को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।

हर दिन निरीक्षण फिर भी मिले 4 अनपुस्थित

उपायुक्त सत्यपाल सिंह चौहान ने सुबह वार्ड 44 का निरीक्षण किया। जहां हरिओम, पंकज, धीरज व अर्जुन सहित चार सफाईकर्मी अनुपस्थित मिले। इन सभी कर्मचारियों का एक दिन का वेतन काटने के लिए कहा गया।