21 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

दुर्ग की चट्टानों पर की रॉक क्लाइम्बिंग

मप्र बटालियन एनसीसी की ओर से संचालित एनसीसी शिविर में रॉक क्लाइम्बिंग के साथ कैडेट्स के बौद्धिक विकास के लिए कई कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।

less than 1 minute read
Google source verification
दुर्ग की चट्टानों पर की रॉक क्लाइम्बिंग

दुर्ग की चट्टानों पर की रॉक क्लाइम्बिंग

ग्वालियर. मप्र बटालियन एनसीसी की ओर से संचालित एनसीसी शिविर में रॉक क्लाइम्बिंग के साथ कैडेट्स के बौद्धिक विकास के लिए कई कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। सर्वप्रथम सुबह 7 बजे तमिलनाडु एंड पांडिचेरी, आंध्रप्रदेश, केरल एंड लक्ष्यद्वीप, उड़ीसा, महाराष्ट्र के 136 कैडेटों को किले की चट्टानों पर रॉक क्लाइम्बिंग डिप्टी कैंप कमांडेंट कर्नल नंदा बल्लभ की देखरेख में एक्सपर्ट गुरूमोहन सिंह व उनकी टीम के द्वारा करवायी गयी।

कैंप के द्वितीय सत्र में अंतर राज्यीय रस्साकशी का आयोजन हुआ जिसमें आरसीटीसी में मप्र एवं छत्तीसगढ़ के कैडेटों ने सभी को हराते हुए सेमी फाइनल में प्रवेश किया। अब इनका मुकाबला ग्वालियर एवं चंबल संभाग के सीएटीसी में भाग ले रहे कैडेटों से होगा। सांध्यकालीन व्याख्यान में कैडेटों को यातायात के नियमों की जानकारी देते हुए ट्रैफिक पुलिस विभाग के शशिकांत तिवारी ने बताया कि सड़क पर चलते समय नियमों का पालन करना चाहिए। बिना लाइसेंस के किसी भी तरह का वाहन नहीं चलाना चाहिए। दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट और चार पहिया वाहन चलाते समय सीट बेल्ट हमेशा लगाना ही चाहिए। जो लोग यातायात नियमों का उल्लंघन करते हुए वाहन चलाते हैं उनकी दुर्घटनाओं में अधिक मौतें होती हैं। इसमें 20 से 35 साल तक के युवाओं की संख्या अधिक होती है।

उन्होंने कैडेटों के प्रश्नों का उत्तर भी दिया। इस मौके पर मेजर सुनील पाठक, सूबेदार मेजर अलीशेर खान, प्रचार प्रमुख नेत्रपाल सिंह जादौन, बीएचएम विनोद कुमार आदि मौजूद थे।