-सितम्बर के बाद से बढ़ा ट्रैफिक, लगातार पूछताछ कर रहे लोग-वाइल्ड लाइफ द्वारा टिकटोली गेट बंद रखने से कूनो में अभी आम जन नहीं देख पा रहे चीते
श्योपुर। वर्ष का पहला दिन और रविवार की छुट्टी के संयोग ने शहर से करीब 70 किलोमीटर दूर जंगल में कूनो रिसोर्ट और नदी के आसपास ही लोगों ने अपना दिन बिताया। श्योपुर की अपेक्षा ग्वालियर और शिवपुरी क्षेत्र के लोग इस क्षेत्र के जंगल में ज्यादा पहुंचे। अधिकतर लोग इस आस में पोहरी से सेसईपुरा तक आए थे कि कूनो अभयारण्य में प्रवेश करके चीतों को देख सकेंगे लेकिन टिकटौली बंद होने से मायूस होकर लौट गए। वापसी में कूनो रिसोर्ट और इसके आसपास ही अपना समय बिताया। इसके अलावा पोहरी के पास स्थित कूनो के पीपल बावड़ी और अगरा गेट के आसपास भी लोगों की आवक रही। हालांकि, अधिकतर लोगों को आरक्षित क्षेत्र में प्रवेश की अनुमति नहीं मिल सकी।
दरअसल, सितंबर में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा चीते छोड़े जाने के के बाद श्योपुर क्षेत्र सहित देश के अन्य क्षेत्रों से आने वाले पर्यटकों की उत्सुकता चीतों को देखने के लिए लगातार बढ़ी है। अभी तक सिर्फ वीआईपी और वीवीआईपी लोगों को चीतों के बाड़े के नजदीक जाने का मौका मिल सका है। अब फरवरी-मार्च में चीतों को खुला छोडऩे की तैयारी है। इसके बाद ही आम जन इनको देख सकेंगे। इसके साथ ही जंगल सफारी का आनंद भी लोगों को मिल सकेगा। इससे पहले प्रशासन, फॉरेस्ट और वाइल्ड लाइफ के अधिकारी इस क्षेत्र में कॉटेज, रिसोर्ट और रेस्टॉरेंट आदि के लिए चिन्हांकन कर रहे हैं। प्रशासन ने राजस्व क्षेत्र में स्थित कुछ क्षेत्रों की जमीन पर्यटन निगम को आवंटन की तैयारी कर ली है। इसके अलावा होम स्टे बढ़ाने की भी तैयारी की जा रही है ताकि चीतों के आजाद होने के बाद जब पर्यटकों की संख्या ज्यादा हो तो रुकने की जगह आसानी से उपलब्ध हो सकें।
बढ़ी है उत्सुकता
-कूनो में आए चीतों को देखने के लिए आम जन में उत्सुकता बढ़ी है। अभी वाइल्ड लाइफ डिपार्टमेंट ने टिकटोली गेट बंद रखा है। चीतों के खुले जंगल में आने के साथ ही इस गेट से भी पर्यटकों की संख्या में बढ़ोतरी होगी। कूनो अभयारण्य में चीतों के लिए आरक्षित क्षेत्र में प्रवेश बंद है। वर्ष के पहले दिन लोगों ने आसपास के क्षेत्र में समय बिताया है। हमने सुरक्षा के लिहाज से पुलिस और वन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।अगले कुछ दिनों तक आसपास के क्षेत्र में आने वाले लोगों पर नजर रखी जाएगी।
शिवम वर्मा-कलेक्टर