16 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Video: डीएसपी दफ्तर आगे दूसरे दिन बेमियादी धरना जारी

- पुलिस कर रही प्रताडि़त, कार्रवाई की मांग

2 min read
Google source verification
office strike

संगरिया.

जमीनी विवाद में फर्जी हस्ताक्षरों की एफएसएल जांच व दोषियों के खिलाफ न्यायोचित कार्रवाई करवाने की मांग लेकर मंगलवार को दूसरे दिन बेमियादी धरने पर डीएसपी कार्यालय के समक्ष पीडि़त ब्राह्मण परिवार चिलचिलाती धूप में बैठा रहा। बड़े-बुजुर्गों, परिजनों व रिश्तेदारों के साथ उन्होंने अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने पर कलक्ट्रेट हनुमानगढ़ के समक्ष आमरण अनशन करने की चेतावनी दी है। उन्होंने इस आशय के ज्ञापन सीएम व आईजी को भेजे हैं। पीडि़त वार्ड 14 निवासी बुजुर्ग भूपेंद्र कुमार (80) पुत्र लक्ष्मी नारायण शर्मा एवं उनके परिवार का आरोप है कि पुश्तैनी सांझा कृषि भूमि पर पुलिस के साथ मिले कुछ लोगों ने कब्जा कर लिया।

उनके पास अब कोई जमीन नहीं बची है। फर्जी हस्ताक्षर व कूटरचित दस्तावेज से प्राप्त डिकरी के खिलाफ वे संघर्षरत हैं। निजी तौर पर करवाई एफएसएल जांच में हस्ताक्षर फर्जी पाए गए हैं, बावजूद इसके पुलिस उन्हें न्याय नहीं दे रही। उन्हें व परिवार को प्रताडि़त किया जा रहा है। जिससे उनके पास धरने पर बैठने के सिवाय कोई चारा नहीं रहा है। इस्तगासा से इसके खिलाफ दर्ज मामले में भी पुलिस बुजुर्ग भूपेंद्र को ही मानसिक यंत्रणा दे रही है।

सूरेवाला चौकी में खाली कागजों पर हस्ताक्षर करने के लिए दवाब बनाया। बार-बार एफएसएल के लिए नूमना हस्ताक्षर भेजने की गुहार लगाई पर दो माह बाद भेजने के बाद अभी तक रिपोर्ट नहीं मंगवाई। परिवार ने दोषी कार्मिकों के खिलाफ कार्रवाई तथा आरोपितों की गिरफ्तारी कर न्याय दिलाने की मांग की है। उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है।


उधर, जमीन क्रय करने वाले कुलचंद्र निवासी देवेंद्र का कहना है कि उन्होंने रुपए देकर कृषि भूमि खरीदी है। वे भूमाफिया नहीं किसान हैं। उनके पास कब्जा है। आरोप बेबुनियाद हैं। ये इनका पारिवारिक मामला है। डीएसपी देवानंद ने बताया कि मामले की फिर से वे जांच करवा रहे हैं। दोषी को दंडित किया जाएगा। परिवार को न्याय मिलेगा।

एफएसएल रिपोर्ट आने तक तो इंतजार करना होगा। धरने पर जेडीयू नेता सत्य रत्तीवाल, भगतसिंह युवा संघर्ष समिति श्रीगंगानगर संयोजक अनिल शर्मा, पीडि़त भूपेंद्र कुमार, आजादी बचाओ संघर्ष समिति संयोजक मेजरसिंह बोलांवाली, परिवार के जयदेव, महावीर, राकेश, द्वारका प्रसाद, पूनमचंद, राजकुमार, पूजा, बृजबाला, कौशल्या, कान्ता, कमला, साक्षी, जयश्री, आदित्य, आरुषि, राहुल, रूद्राक्ष, सहित अनेक शामिल हैं।