खाताधारक को नहीं लगी खबर और खाते से हो गया करोड़ों का लेन-देन
– साइबर थाने में अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज
हनुमानगढ़. खाताधारक को पता भी नहीं लगा और उसके खाते से अज्ञात जने करोड़ों रुपए का लेन-देन कर दिया। खाताधारक ने पासबुक व एटीएम कार्ड नहीं मिलने पर बैंक शाखा में जाकर पता किया तो यह बात सामने आई। इस पर अज्ञात जने के खिलाफ साइबर पुलिस थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। खाताधारक ने संभावना जताई है कि बैंक कर्मियों की मिलीभगती के कारण ही उसके खाते के जरिए लेन-देन हुआ है। पुलिस जांच में जुटी है। जानकारी के अनुसार अमनदीप (26) पुत्र कश्मीर चंद कम्बोज निवासी सहारणी ने बताया कि उसने मई 2022 में एयू बैंक में खाता खुलवाया था। काफी समय तक पासबुक या एटीएम कार्ड प्राप्त नहीं हुआ। तब उसने एयू बैंक में जाकर पता किया तो जानकारी मिली कि अज्ञात व्यक्ति की ओर से उसके खाते में 2 करोड़ 86 लाख 58 हजार 481 रुपए का लेन-देन किया गया है। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ धोखाधड़ी, आईटी एक्ट सहित अन्य धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस ने दिलाई राहत
क्रेडिट कार्ड से ठगी के शिकार एक परिवादी को पुलिस ने गत सप्ताह राहत दिलाई थी। सायबर पुलिस थाने की टीम ने एक लाख साठ हजार रुपए की राशि रिफंड करवाई है। अब तक सायबर थाने की टीम की ओर से तीन लाख साठ हजार रुपए होल्ड करवाए जा चुके हैं। पुलिस के अनुसार सुरेश कुमार गोदारा निवासी हनुमानगढ़ टाउन ने दो जून को रिपोर्ट दी थी कि अज्ञात व्यक्ति ने उसके एसबीआई क्रेडिट कार्ड की जानकारी चुराकर उससे नो ब्रोकर एप में दो बार में क्रमश: 77124 तथा 87407 रुपए का ट्रांजेक्शन कर दिया। इस तरह कुल 1,64,531 रुपए का चूना लगा दिया। पुलिस ने संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। सायबर थाना प्रभारी आरपीएस अरुण कुमार ने परिवादी से एसबीआई क्रेडिट कार्ड संबंधी आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सबसे पहले नो ब्रोकर एप के नोडल अधिकारी से पत्राचार किया तथा ठगी करने वाले का खाता होल्ड कराया। इसके बाद राशि रिफंड कराने के लिए नो ब्रोकर एप के नोडल अधिकारी से पत्राचार किया। इस पर परिवादी सुरेश गोदारा ने सोमवार को अपने एसबीआई क्रेडिट कार्ड का स्टेटमेंट प्रस्तुत कर नो ब्रोकर से पुन: उसके खाते में एक लाख साठ हजार रुपए जमा होने की जानकारी दी। मामले में पुलिस अनुसंधान जारी है।