21 मई 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

चारों तरफ नहरों का जाल, नहरी पानी को फिर भी कंठ सूखे, सांस लेने को साफ हवा भी नहीं

हनुमानगढ़. जिला मुख्यालय पर नई खुंजा में निवास कर रहे करीब 15 हजार लोगों को पीने को नहरी पानी नसीब नहीं हो रहा है। विडम्बना ही कहेेंगे कि नई खुंजा के चारों तरफ नहरों का जाल बिछा हुआ है। चंद कदम पर नहर होने के बावजूद यहां के वाशिंदो को नहरी पानी नहीं मिल पा रहा है।  

2 min read
Google source verification
चारों तरफ नहरों का जाल, नहरी पानी को फिर भी कंठ सूखे, सांस लेने को साफ हवा भी नहीं

चारों तरफ नहरों का जाल, नहरी पानी को फिर भी कंठ सूखे, सांस लेने को साफ हवा भी नहीं

- जिला मुख्यालय के नजदीक नई खुंजा क्षेत्र की विडम्बना
-पत्रिका स्पीक अप में नागरिकों ने बताई क्षेत्र की समस्याएं

हनुमानगढ़. जिला मुख्यालय पर नई खुंजा में निवास कर रहे करीब 15 हजार लोगों को पीने को नहरी पानी नसीब नहीं हो रहा है। विडम्बना ही कहेेंगे कि नई खुंजा के चारों तरफ नहरों का जाल बिछा हुआ है। चंद कदम पर नहर होने के बावजूद यहां के वाशिंदो को नहरी पानी नहीं मिल पा रहा है। पत्रिका स्पीक अप में गुरुवार को यहां के लोगों ने कहा कि सिस्टम की अनदेखी की वजह से हम लोग फ्लोराइड युक्त पानी पीने को मजबूर हो रहे हैं। हालात ऐसे हैं कि आसपास में संचालित हो रही फैक्ट्रियों से प्रदूषित धुंआ निकल रहा है। गंदा पानी नहर किनारे जमा होने से इसकी बदबू भी यहां तक आती है। इस तरह लोग जहरीली हवा के बीच संास ले रहे हैं। खुंजा के निवासी मनजिंद्र सिंह बराड़ ने कहा कि फैक्ट्री संचालक किसी नियम की पालना नहीं कर रहे हैं। हम लोगों ने आंदोलन भी किए। लेकिन फैक्ट्री संचालकों के सिर पर सरकार का हाथ है। इसलिए किसी तरह की कार्रवाई नहीं हो रही है। हजारों लोग प्रदूषित आबोहवा में सांस ले रहे हैं। इससे बीमारियों के शिकार हो रहे हैं। इसी तरह गोवर्धन शर्मा ने कहा कि नालियों का लेवल सही नहीं है। पेयजल की समस्या भी है। कुछ युवाओं ने कहा कि हर गली में नशा बिक रहा है। लेकिन पुलिस के अफसरों को कुछ नहीं दिखता। इस वजह से युवा नशे का शिकार हो रहे हैं। नियमित रूप से पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग युवाओं ने की। कमल सिंह ने कहा कि खुंजा में समस्याओं का अंबार लगा हुआ है। जहां हाथ रखते हैं, वहीं से समस्या से निकल जाती है। सीवरेज की समस्या का जिक्र कर कहा कि इसका समाधान होना चाहिए। पार्षद प्रतिनिधि मनोज बड़सीवाल ने कहा कि नशे की हो रही बिकी पर रोक लगनी चाहिए। ताकि युवाओं को इससे बचाया जा सके। उन्होंने कहा कि विकास के मामले में खुंजा में पहले की तुलना में काफी सुधार हुआ है। फिर भी नहरी पानी की मांग अधूरी है। इसे लेकर हम निरंतर विधायक व सांसद से मांग करते हैं। उम्मीद है भविष्य में लोगों को यह सुविधा भी मिल जाएगी। जगदीश झोरड़, हरबंस सिंह, इंद्र सिंह चहल, रामकुमार सेतिया, चम्पालाल, फुलेल सिंह, द्वारकाराम, गुरजंट सिंह, बाग अली, बलदेव शर्मा, कमल सिंह भाटी, कृष्ण देवर्थ, केराज पेंटर, रायचंद्र, प्रेम सिंह, प्रकाश पेंटर, जुगलकिशोर ढाका, मनजिंदर सिंह बराड़, प्रदीप संधू, अमन गिल, शिवराज, गगन गिल, मंगू शाक्य, दलीप सिंह, सुनील कुमार, काला सिंह, मनीष सेतिया, करण नायक महेश गुम्बर, गुरदीप सिंह चावला, गुरचरण सिंह, सोनू सेतिया आदि मौजूद रहे।

.....इन मांगों पर फोकस....
-पत्रिका स्पीक अप में नई खुंजा के लोगों ने नशे की समस्या को प्रमुख माना। नियमित गश्त बढ़ाने की मांग की।
-स्वच्छ पेयजल की मांग सभी ने रखी। भूमिगत पानी की सप्लाई से हड्डियों के रोग बढऩे की शिकायत लोगों ने की।
-नई खुंजा में खेल मैदान नहीं होने की समस्या भी युवाओं ने रखी। इससे खेल प्रतिभाओं को तैयारी का मौका नहीं मिल पा रहा।
-सरकारी लाइबे्ररी भी खोलने की मांग युवाओं ने रखी। ताकि बेरोजगार युवा नि:शुल्क तैयारी कर सकें।
-नालियों का लेवल ठीक नहीं है। गलियों में पानी निकासी ठीक से नहीं हो रही।
-सीवरेज की समस्या भी लोगों ने रखी। इसका समाधान करने की मांग रखी।
-पड़ौसी राज्य की तुलना में जिले के लोगों को महंगी बिजली मिलने की शिकायत भी लोगों ने की।

बड़ी खबरें

View All

हनुमानगढ़

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग