Hardoi Boat Tragedy: उत्तर प्रदेश के हरदोई में सोमवार रात बड़ा हादसा हो गया। रामगंगा नदी में एक नाव पलट गई, जिससे उसमें सवार 7 लोग डूबने लगे। गांव वालों ने चार को बचा लिया, जबकि बलराम फेरे का 14 वर्षीय बेटा शिवम, 8 वर्षीय बेटी सुनैना और 13 वर्षीय भांजी सोनिका अभी तक लापता हैं।
अरवल थाना क्षेत्र में दिवारी लाल और बलराम फेरे के परिवार रामगंगा नदी के दूसरे छोर पर तरबूज और खरबूज की खेती करते हैं। प्रतिदिन की तरह दिवारी लाल और बलराम फेरे के परिवार के सदस्य सोमवार को भी नाव से घर लौट रहे थे। इसी दौरान कुंडा नदी की तेज धारा में नाव असंतुलित होकर पलट गई। इससे उसमें सवार सभी लोग नदी में गिर गए और डूबने लगे।
हादसे के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने दिवारी लाल, सुमन, निर्मल और काजल को बाहर निकाल लिया। लेकिन, बलराम फेरे का 14 वर्षीय बेटा शिवम, आठ वर्षीय बेटी सुनैना और उसकी 13 वर्षीय भांजी सोनिका डूब गए।
हादसे की जानकारी होते ही प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। गोताखोरों की मदद से बच्चों की तलाश शुरू की। लेकिन रात होने की वजह से बचाव कार्य में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। फिलहाल पुलिस और स्थानीय गोताखोरों ने 2 बच्चों के शव को बरामद कर लिया है, जबकि एक की तलाश में जुटे हुए हैं।
मौके पर पहुंचे एसडीएम संजय अग्रहरी ने बताया कि दो बच्चों की नदी में डूबने से मौत हो गई है। उनके शव बरामद कर लिए गए हैं। मृतकों में शिवम (पुत्र राम फेरे) और सुनैना (पुत्री) शामिल हैं। वहीं, ननिहाल आई बच्ची सोनिका अभी लापता है। शव मिलने के बाद पंचनामा के लिए और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया जाएगा।