मैजिक सा काम करे यह भूसी..न होगा कब्जा कब्ज का, न मोटापे का
यह बेहद फायदेमंद होता है। यह शरीर का कोलेस्ट्रोल कम करता है। पेट ठीक रखने में भी मददगार होता है। डायबिटीज वाले इसे जमकर खा सकते हैं। यह है सेहत का रक्षक ईसबगोल...
यह बेहद फायदेमंद होता है। यह शरीर का कोलेस्ट्रोल कम करता है। पेट ठीक रखने में भी मददगार होता है। डायबिटीज वाले इसे जमकर खा सकते हैं। यह है सेहत का रक्षक ईसबगोल...
पाचन तंत्र से जुड़ी समस्याओं के लिए ईसबगोल की भूसी सबसे ज्यादा फायदेमंद होती है।
पेट की समस्या जैसे पेचिश में ईसबगोल की भूसी का लंबे समय से उपयोग हो रहा है। कब्ज, दस्त, जोड़ों के दर्द, मल में रक्त, पाचनतंत्र संबंधी गड़बड़ी, शरीर में पानी की कमी, मोटापा व डायबिटीज में ईसबगोल की भूसी लाभकारी है।
जोड़ों के दर्द, कब्ज व पाचनतंत्र को दुरुस्त करने के लिए रात के खाने के बाद एक गिलास दूध के साथ एक चम्मच ईसबगोल की भूसी लें।दस्त के दौरान रक्तस्राव हो या लंबे समय से कब्ज हो तो आधा कप पानी के साथ ईसबगोल की भूसी लें।
ईसबगोल की भूसी 10 से 12 घंटे बाद असर करती है। इसलिए अगर शाम को छह बजे के आसपास ईसबगोल का प्रयोग करेंगे तो सुबह समय पर मोशन होगा। जब कब्ज ठीक हो जाए तो इसका सेवन बंद कर दें।
वजन घटाने के लिए दिन में 3 बार इसे खाने से आधा घंटा पहले लेना उचित है। दमे की शिकायत में सुबह-शाम दो-दो चम्मच ईसबगोल की भूसी गर्म पानी के साथ लेनी चाहिए।
ईसबगोल का कोई दुष्प्रभाव नहीं होता लेकिन लंबे समय तक प्रयोग न करें वर्ना शरीर इस पर निर्भर होने लगता है।