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पुलिस ऑफिसर ने पेश की मानवता की मिसाल, बुजुर्ग महिला को नंगे पैर देख पसीजा SHO दिल

उत्तर प्रदेश की महिला पुलिस अफसर ने अपने हाथों से बुजुर्ग को जूते पहनाकर हर किसी का दिल जीत लिया

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Pratibha Tripathi

Dec 17, 2020

SHO Mahila Thana Mainpuri Ekta Singh

SHO Mahila Thana Mainpuri Ekta Singh

नई दिल्ली। कोरोनावायरस(Coronavirus) की जंग में हमने पुलिस कर्मियों को लोगों की सेवा करते हुए काफी देखा है लेकिन कुछ जगह पुलिस की क्रूरता व घूसखोरी को लेकर भी कई तरह के सवाल उठे गए है। लेकिन जब किसी पुलिस का मानवता से भरा चेहरा सामने आता है। तो उनके इस कारनामे को देखकर दिल खुशी से भर आता है। ऐसा ही मामला सामने आया है उत्तर प्रदेश में जहां एक महिला पुलिस अफसर ने ऐसा काम किया है जिसकी सोशल मीडिया ( (Social Media) )पर काफी चर्चा हो रही है। सोशल मीडिया ( (Social Media) )पर भी उनकी तस्वीरें तेजी से वायरल हो गई और लोग उनकी खूब तारीफ भी कर रहे हैं।

बुजुर्ग महिला को नंगे पैर देख पसीजा SHO एकता का दिल
दरअसल, उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में 'भारत बंद' के दौरान एक बुजुर्ग महिला नंगे पांव ठंड में खड़ी हैं। तभी ड्यूटी पर तैनात SHO एकता सिंह ने बुजुर्ग महिला को इस हालत में देखकर उनसे पैरों में चप्पल या जूते ना पहनने का कारण पूछा।

खुद अपने पैसों से मंगवाए पैसे
बुजुर्ग महिला ने बताया कि पास में पैसे ना होने के चलते वो चप्पल नही खरीद सकती। वह जैसे-तैये अपनी जिंदगी का गुजारा कर रही हैं। बुजुर्ग महिला की कहानी जानने के बाद SHO एकता का दिल पसीज गया।

अपने हाथों से पहनाएं जूते
फिर क्या थी SHO एकता ने तुरंत कॉन्सटेबल को बुलाकर पैसे दिए और बुजुर्ग के लिए जूते मंगवाएं। इतना ही नही जूते आने के बाद उन्होंने खुद अपने हाथों से उस बुजुर्ग महिला को जूते पहनाएं। उनकी इस दरियादिली को देख हर कोई उनकी खूब तारीफ कर रहा है। बता दें कि उनकी यह तस्वीर ट्वीटर पर @MainpuriPolice अकाउंट से शेयर की गई हैं।

पहले भी कर चुकी हैं एक मां की मदद
हालांकि इस महिला पुलिस के द्वारा ऐसा पहली बार नही हुआ हैजब उन्होनें किसी की मदद की हो। मार्च महीने में बेटों के द्वारा सताई गई एक बूढ़ी औरत जो उनके पास मदद के लिए आई थी। तब श्रीमती एकता ने बूढ़ी मां को रोते देख अपने सीने से लगा लिया। यही नहीं, उन्होंने कहा, "बैठो माँ पहले खाना खाओ, समस्या बाद में बताना"। बुजुर्ग को अपने हाथ से खाना खिलाने के बाद श्रीमती एकता ने उन्हें शीघ्र निस्तारण का भरोसा दिया था।

घर-घर जाकर सुनती हैं बेटियों की समस्याएं
यही नहीं, महिला थाना अध्यक्ष एकता सिंह घर-घर जाकर महिलाओं की समस्या सुनती हैं और उन्हें पूरी मदद देती हैं। यही नहीं, वह महिलाओं को सेल्फ डिफेंस के गुर भी सिखाती हैं। एकता ने साबित कर दिया कि पुलिस पीड़ितों के दर्द का मरहम भी बन सकती है।