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अकाल तख्त का फरमान: 15 दिन में घोषित करो श्री गुरुसिंघ सभा का चुनाव कार्यक्रम

- हरप्रीत सिंह बक्शी को बनाया नया चुनाव अधिकारी

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अकाल तख्त का फरमान: 15 दिन में घोषित करो श्री गुरुसिंघ सभा का चुनाव कार्यक्रम

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इंदौर. सिख समाज की सबसे बड़ी संस्था अकाल तख्त ने श्री गुरुसिंघ सभा इंदौर के चुनाव को लेकर फरमान जारी कर दिया है। हरप्रीत सिंह बक्शी को चुनाव अधिकारी बनाया गया है, जिन्हें समाज और सहकारिता विभाग में समन्वय कर 15 दिन में चुनाव कार्यक्रम घोषित करना है। सभा की मौजूदा कमेटी को सहयोग करने के भी निर्देश दिए हैं। असहयोग पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।

बुधवार को अमृतसर में अकाल तख्त के सचिवालय में श्री गुरुसिंघ सभा इंदौर के चुनाव को लेकर बैठक हुई। इसमें इंदौर से फतेह व खालसा पैनल के मोनू भाटिया, बॉबी छाबड़ा, बंटी भाटिया, राजू भाटिया, बंटु खनूजा व अमरजीत सिंह बग्गा आदि प्रमुख नेता मौजूद थे। खंडा पैनल की तरफ से कोई नहीं गया। चर्चा के बाद तख्त साहेब ने श्री गुरुसिंघ सभा के अध्यक्ष रिंकू भाटिया, महासचिव राजा गांधी और कमेटी के सदस्यों को पत्र लिखकर चुनाव का आगाज कर दिया है।

तख्त ने भाजपा नेता हरप्रीत सिंह बक्शी को चुनाव अधिकारी बनाते हुए दो अन्य सहायक चुनाव अधिकारी बनाने की छूट दी है। इसकी जानकारी उन्हें फर्म्स एंड सोसायटी के रजिस्ट्रार को भी लिखित में देनी होगी, ताकि चुनाव विधिवत तरीके से हों। तख्त के जत्थेदार ने निर्देश दिए हैं कि 15 दिन में साधारण सभा की बैठक बुलाकर चुनाव की तारीख घोषित की जाए। बक्शी को चुनाव से जुड़ी पूरी प्रक्रिया की जानकारी तख्त साहेब को समय-समय पर भेजनी होगी। -------------

अब कोई बाधा नहीं

मालूम हो, पिछले दिनों सहजधारियों ने सदस्यता को लेकर हाई कोर्ट में याचिका लगाई थी, जिस पर फर्म्स एंड सोसायटी को मामले का निराकरण करने के निर्देश दिए थे। सभी पक्षों को नोटिस देकर सुनवाई की गई और सहजधारियों ने शिकायत वापस लेने का फैसला किया था। उसके हिसाब से 11934 सदस्यों की मतदाता सूची को मान्यता दे दी गई थी। चुनाव को लेकर खंडा पैनल के संयोजक रिंकू भाटिया ने अपने प्रत्याशी उतार दिए थे तो बॉबी छाबड़ा की खालसा और मोनू भाटिया की फतेह पैनल के बीच समझौता हो गया था। दो पैनल आमने-सामने थीं, लेकिन चुनाव पर रोक लग गई थी। अब नए सिरे से चुनाव कराए जाएंगे। दोनों पैनल प्रत्याशियों पर फिर से विचार कर सकती है।