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रिहा हुए भाजपा के ‘बल्लामार’ विधायक आकाश विजयवर्गीय, कहा- जेल में समय अच्छा बीता

अतिक्रमण हटाने गए निगम कर्मचारियों से आकाश विजयवर्गीय ने की थी मारपीट इंदौर जेल में 26 जून से बंद थे आकाश विजयवर्गीय।

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इंदौर

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Pawan Tiwari

Jun 30, 2019

BJP MLA Akash Vijayvargiya

रिहा हुए भाजपा के 'बल्लामार' विधायक आकाश विजयवर्गीय, कहा- जेल में समय अच्छा बीता

इंदौर. भाजपा ( BJP ) महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ( Kailash Vijayvargiya ) के बेटे आकाश विजयवर्गीय ( akash vijayvargiya ) रविवार सुबह जेल से रिहा हो गए हैं। उन्हें शनिवार को भोपाल की विशेष कोर्ट ( special court ) से जमानत मिली थी। विधायक आकाश विजयवर्गीय ने अतिक्रमण हटाने को लेकर नगर निगम अधिकारियों के साथ मारपीट की थी। जेल से बाहर निकलने के बाद आकाश ने कहा- जेल में अच्छा समय बीता।

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26 जून को हुए थे गिरफ्तार
इंदौर नगर निगम ( Municipal Corporation ) के अधिकारी को क्रिकेट बैट से पीटने पर 26 जून के उन्हें गिरफ्तार किया गया था। भोपाल की विशेष अदालत ने भाजपा विधायक आकाश विजयवर्गीय को जमानत शनिवार को ही दे दी थी। लेकिन 'लॉक-अप' के तय समय तक स्थानीय जेल प्रशासन को उनकी जमानत का अदालती आदेश नहीं मिल पाने के कारण विजयवर्गीय को चौथी रात भी जेल में गुजारनी पड़ी थी। जेल सूत्रों की जानकारी के अनुसार, शनिवार को आकाश विजयवर्गीय ने जेल में स्वातंत्रता संग्राम सेनानियों की किताबें पढ़ी और कई लोग उनसे मिलने के लिए जेल में आए।

जमानत मिलने पर ट्विटर हैडल से हुआ ट्वीट
आकाश विजयवर्गीय को जमानत मिलने के बाद उनके ट्विटर हैंडल से एक पोस्ट की गई इसके साथ ही आकाश विजयवर्गीय के रविवार के कार्यक्रम भी पोस्ट किए गए। जमानत मिलने के बाद उनके ट्विटर एकाउंट से लिखा गया 'सत्यमेव जयते।'

भोपाल ट्रांसफर किया गया था केस
इंदौर कोर्ट में जमानत अर्जी पर सुनवाई नहीं होने पर भोपाल ( Bhopal ) की विशेष अदालत में केस ट्रांसफर किया गया था। यह अदालत विशेषकर जनप्रतिनिधियों के प्रकरणों की सुनवाई के लिए बनाई गई है। दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद कोर्ट ने आकाश को 20-20 हजार रुपए के बांड पर जमानत दे दी। कोर्ट ने जमानत अवधि में तीन शर्त भी रखी हैं। जो आज से ही लागू हो गई हैं। अदालत के आदेशों का पालन करना होगा, किसी गवाहों को धमकाया नहीं जाएगा। इस तरह का अगर कोई दूसरा अपराध किया गया तो जमानत रद्द हो जाएगी।

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