जिस समय में भगवान महावीर का जन्म हुआ उस समय हिंसा, पशुबलि और जाति भेदभाव का बोलबाला था। तब भगवान महावीर ने लोगों को जियो और जीने दो के सिद्धांत पर चलने का संदेश दिया। उन्होंने मानव जाति को अहिंसा की शिक्षा दी। उन्होंने मनुष्य को सिखाया कि मन, कर्म वचन से शुद्ध होकर ब्रह्मचर्य का पालन करना चाहिए।